फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विश्लेषण: जिले में 39 स्थानों पर हुए सबसे ज्यादा सड़क हादसे

विज्ञापन
विज्ञापन
मथुरा। कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में बढ़ते सड़क हादसों पर चिंता जताई गई। ई-डार डाटा विश्लेषण में पाया गया कि जिले में नेशनल हाईवे और स्टेट हाईवे के मार्गों पर 9 थाना क्षेत्रों में 39 स्थानों पर सबसे ज्यादा हादसे हुए। डीएम ने हादसों पर अंकुश लगाने के लिए कोहरे के दिनों में सड़कों पर जेब्रा लाइन करवाने, पेड़ों की छंटाई के निर्देश दिए।
विज्ञापन

जिलाधिकारी चंद्रप्रकाश सिंह ने जनपद में सड़क दुर्घटनाओं में 50 प्रतिशत की कमी लाए जाने पर बल दिया। उन्होंने शीत ऋतु में कोहरे को देखते हुए लोक निर्माण विभाग, एनएचएआई के अफसरों को निर्देश दिए कि वह सड़क किनारे लगे वृक्षों की छंटाई कराएं, सभी वृक्षों पर रेडियम पट्टी लगवाना सुनिश्चित करें। एआरटीओ को निर्देश दिए कि वे एनएचएआई, यमुना एक्सप्रेस वे पर अनाधिकृत रूप से खड़े ट्रकों / वाहनों के विरुद्ध कार्रवाई करें। ट्रैक्टर-ट्राली पर रेडियम पट्टी लगवाना भी सुनिश्चित करें।
जीरो फेटेलिटी डिस्ट्रिक्ट (जेडएफडी) कार्यक्रम के क्रियान्वयन के लिए पुलिस विभाग से पुलिस अधीक्षक (यातायात), चिकित्सा विभाग से जिला चिकित्सा अधिकारी, लोक निर्माण विभाग से अधिशासी अभियंता तथा परिवहन विभाग से एआरटीओ को नोडल अधिकारी नामित किया गया। दिल्ली की संस्था सेव लाइफ फाउंडेशन ने हादसों का विश्लेषण पेश किया। डीएम ने सीएमओ को निर्देश दिए कि वह दुर्घटना बहुल थाना क्षेत्रों में 24 घंटे एंबुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित करें। परिवहन विभाग यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर जुर्माने की कार्रवाई करें। बैठक में सीडीओ मनीषा मीना, एसपी ट्रैफिक मनोज कुमार यादव, एआरटीओ प्रवर्तन राजेश राजपूत, एआरटीओ प्रशासन नीतू सिंह, एनएचएआई, लोक निर्माण विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें