डायट पर शुक्रवार को एक युवक युवती के वेश में बीटीसी काउंसलिंग में शामिल होने पहुंच गया। शक होने पर जब उसे पकड़कर पूछताछ की गई तो उसने बताया कि वह अपनी रिश्तेदार के स्थान पर बीटीसी काउंसलिंग में शामिल होने आया है।
जिला शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान में इन दिनों 2014-2016 सत्र की बीटीसी में प्रवेश के लिए काउंसलिंग हो रही है। शुक्रवार को काउंसलिंग का तीसरा दिन था। जब छात्राओं की काउंसलिंग शुरू हुई और एक लड़की का नाम बोला गया।
वह लड़की अंदर काउंसलिंग कर रहे प्रवक्ता के पास जा पहुंची। लड़की के चेहरे पर कपड़ा बंधा हुआ था। प्रवक्ता दलवीर सिंह ने लड़की से पहचान पत्र मांगा। पहचान पत्र लेने के बाद उन्होंने लड़की के मुंह पर बंधा हुआ कपड़ा हटाने के लिए कहा।
लेकिन युवती ने कपड़ा हटाने से इंकार करते हुए कहा कि उसका चेहरा किसी कारणवश खराब हो गया है। अत: वह चेहरा नहीं दिखा सकती है। इसके बाद युवती को काउंसलिंग प्रभारी रामस्वरूप राजपूत के पास ले जाया गया।
प्रभारी राजपूत ने भी बिना चेहरा दिखाए काउंसलिंग कराने से इंकार कर दिया। इसके बाद भी जब युवती ने चेहरे से कपड़ा नहीं हटाया तो शक होने पर युवती की जांच की गई। जांच के दौरान जब उसके चेहरे से कपड़ा हटाया तो वह युवती के वेश में युवक निकला।
उसने पूछताछ में बताया कि वह गाजीपुर से अपनी रिश्तेदार युवती के स्थान पर काउंसलिंग कराने आया है। युवक को डांटने और लिखित में माफीनामा लेने के बाद चेतावनी देते हुए छोड़ दिया गया। डायट के वरिष्ठ प्रवक्ता रामस्वरूप राजपूत ने बताया कि युवक को उसके भविष्य को देखते हुए चेतावनी देकर छोड़ दिया गया।