मथुरा में गो-सेवा के नाम पर विभिन्न बैंकों में खाते खुलवा कर लोगों से 21 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी के आरोपी की जमानत अर्जी कोर्ट ने खारिज कर दी है। आरोपी ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से एडीजे ईसी कोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल की थी।
साइबर थाने में तैनात उप निरीक्षक राजकुमार पंवार ने गो-सेवा के नाम पर ट्रस्ट बनाकर ठगों ने लोगों के 21 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि ठग ली। इस मामले में पुलिस ने हाईवे के गांव अडूकी स्थित लक्ष्मीपुरम कॉलोनी निवासी गौतम उपाध्याय, शिव कुमार और गोविंद कुमार के खिलाफ शिव गौरा गो-सेवा नाम से ट्रस्ट संचालित करने की रिपोर्ट दर्ज कराई।
आरोप लगाया है कि उक्त नामजद फर्जी तरीके से सीधे-साधे लोगों से भारतीय स्टेट बैंक में खाता खोलकर विभिन्न माध्यमों से ऑनलाइन ठगी करते हैं। मुकदमा दर्ज होने के बाद के बाद एसआई राजकुमार पंवार ने 13 सितंबर 2025 को गौतम उपाध्याय को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया।
जेल में बंद गौतम उपाध्याय ने अधिवक्ता के माध्यम से जमानत के लिए एडीजे तृतीय की कोर्ट में याचिका दाखिल की। बृहस्पतिवार को जमानत अर्जी पर एडीजे ईसी कोर्ट डॉ. पल्लवी अग्रवाल की कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट में आरोपी के अधिवक्ता ने उसे निर्दोष बताते हुए जमानत देने की दलील दी, लेकिन एडीजीसी की दलील, पुलिस रिपोर्ट और साक्ष्यों को आधार पर कोर्ट ने उसकी जमानत खारिज कर दी।