कोसीकलां। विधानसभा चुनाव को निष्पक्ष व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने को प्रशासन हरकत में आ गया है। पुलिस ने करीब पंद्रह सौ लोगों को शांति व्यवस्था भंग करने की आशंका में नोटिस जारी कर दिए हैं।
चुनाव कार्यक्रम जारी होने के बाद प्रशासन ने शांतिपूर्ण, निष्पक्ष चुनाव कराने को कमर कस ली। जिसके बाद एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने सभी चौकी प्रभारियों और थाना प्रभारियों को दिशानिर्देश जारी कर दिए। साथ ही इतना चुनाव सेल कार्यालय भी खोल दिया गया है। लिहाजा पुलिस इस बार भी पुराना रिकॉर्ड खंगाल कर ऐसे लोगों को चिन्हित कर पाबंद कर दिया है, जिनका चुनाव से कोई लेनादेना नहीं हैं।
शेखान, खेड़ा, जैन गली में पुलिस ने एक घर भी ऐसा नहीं छोड़ा जहां से लोग पाबंद न किए हो। पुलिस कागजी कार्रवाई पूरा करने में इतनी व्यस्त हो गई कि यह देखने की फुर्सत नहीं मिली कि क्या मोहल्ले में कोई व्यक्ति पाबंद करने लायक है या नहीं।
पाबंद के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न
भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष अंकित मालवीय ने डीएम-एसएसपी को भेजे पत्र में कहा है कि पुलिस ने नगर के ज्यादातर व्यापारियों को शांति भंग करने की धारा 111 के अंतर्गत पाबंद कर दिया, जबकि उक्त व्यापारियों का पूर्व में किसी भी प्रकार का कोई भी आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है और न ही किसी राजनीतिक दल के पदाधिकारी है। पुलिस व्यापारियों को जबरन परेशान करने के उद्देश्य से पाबंद करने के नोटिस दे रही है। जिससे व्यापारियों में भय एवं असंतोष का वातावरण पैदा हो गया है। उन्होंने जांच कर व्यापारियों को शांति भंग करने की कार्रवाई से न करने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि अगर इसी तरह भय का वातावरण बनाया जाएगा तो व्यापारी विवश होकर बाजार की तालाबंदी और चुनाव बहिष्कार करने के लिए बाध्य होंगे।
चुनाव के दौरान शांति और कानून व्यवस्था को भंग करने की जिन लोगों से आशंका है उनको चिन्हित कर लिया गया है। अन्य के लिए कार्रवाई की जा रही है। चुनाव में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
- श्रीश चंद, एसपी ग्रामीण