मथुरा। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (8) ने बुधवार को युवक की हत्या के उद्देश्य से अपहरण करने के मामले में दोषी दो सगे भाइयों को 10-10 साल की सजा और 5-5 हजार के जुर्माने से दंडित किया है।
मांट थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि नसीटी निवासी मुकेश ने 20 दिसंबर 2011 को रिपोर्ट दर्ज कराई कि गांव के ही भूदेव और उसके पुत्र मांट ले गए थे। शाम को जब वह लौटकर आया तो शराब के नशे में धुत था। शराब के नशे में उसके भाई रवि कह रहा था कि उसने अपनी जमीन का बैनामा भूदेव की पत्नी के नाम कर दिया है। वह सुबह 5 लाख रुपये देगी। इसके बाद वह घर से चला गया। इसके बाद अगले दिन भूदेव व उसके लड़के रवि को बाइक से अपने साथ हरनौल की ओर ले गए।
भूदेव का दूसरा लड़का प्रहलाद दूसरी बाइक पर अपने साथियों के साथ पीछे से गया। इन लोगों को गांव के श्याम बाबू आदि ने देखा। इसके बाद उसके भाई रवि का पता नहीं लगा। इस मामले में भूदेव और उसके पुत्र अजीत और प्रहलाद के खिलाफ हत्या के लिए अपहरण का मुकदमा दर्ज हुआ। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायालय (8) की कोर्ट में हुई। बुधवार को कोर्ट ने प्रहलाद और अजीत को सजा सुनाई। कोर्ट ने आदेश दिया कि अभियुक्तों ने जेल में बिताई गई सजा समायोजित की जाए। भूदेव की पत्रावली न्यायालय के आदेश पर अलग की गई है। इस कारण इस निर्णय में प्रहलाद और अजीत को ही सजा सुनाई गई।