स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सोमवार को बरनाहल क्षेत्र के ग्राम दिहुली में झोलाछाप की दुकानों पर छापा मारा। इस दौरान झोलाछाप डाक्टरों में हड़कंप मच गया। अधिकांश झोलाछाप अपना क्लीनिक छोड़कर भाग खड़े हुए। वहीं इस दौरान दो झोलाछाप की दुकानों को सील कर दिया गया।
गांव दिहुली में जैसे ही स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची। वहां क्लीनिक चला रहे झोलाछाप अपनी-अपनी दुकानें बंदकर भाग गए तो कुछ छोड़कर चले गए। टीम जब डा. राजेश कनौजिया की दुकान पर पहुंची तो वहां राजेश मौजूद नहीं थे और न ही दुकान पर किसी तरह के कोई कागजात थे। इसके अलावा दुकान का रजिस्ट्रेशन भी नहीं था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम उमेश चंद्र के क्लीनिक पर पहुंची यहां उमेश क्लीनिक छोड़कर भाग गए थे। वहीं तलाशने पर कोई भी कागजात मौजूद नहीं थे। इसके चलती टीम ने दोनों झोलाछाप की दुकानें सील कर दीं। टीम में शामिल नोडल अधिकारी वीरेेंद्र सिंह और अजीत यादव ने बताया कि दोबारा फिर छापा मारा जाएगा। यदि कोई अवैध रूप से क्लीनिक चला रहा है तो उसका क्लीनिक सील कर दिया जाएगा। िटीम में आलोक तिवारी, अजीत सक्सेना, सुधीर सिंह आदि सदस्य शामिल रहे।