जेल में रहेगा सात लोगों का परिवार, उम्रकैद की सजा
चार साल पहले किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म करने के लोगों को अपर जिला जज ने 20 साल की सजा सुनाई है। उनको 35-35 हजार रुपया जुर्माना भी अदा करना पड़ेगा। आरोपियों को सजा सुनाए जाने के बाद हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
थाना बिछवां क्षेत्र के एक गांव की एक किशोरी 18 मई 2013 को शौच के लिए खेत पर गई थी। तभी सर्वेश निवासी मटसेना थाना विशुनगढ़ कन्नौज, धर्मेंद्र, रावेंद्र निवासी सुरजनपुर थाना बिछवां उसे बहला फुसलाकर अगवा कर ले गए। जब वह घर नहीं लौटी तो पिता ने तलाश किया। पता नहीं चलने पर रिपोर्ट दर्ज करा दी। पुलिस ने तीन दिन बाद किशोरी को छिबरामऊ क्षेत्र से बरामद किया। किशोरी ने कोर्ट में दिए गए बयान में बताया आरोपियों ने उसको अगवा कर उसके साथ दुष्कर्म किया था। पुलिस ने अपहरण, दुष्कर्म के मामले में तीनों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट भेज दी। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला जज प्रदीप कुमार की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक, पीड़िता, गवाहों ने घटना के संबंध में गवाही दी। अपर जिला जज ने सर्वेश, धर्मेंद्र, रावेंद्र को किशोरी को अगवा कर दुष्कर्म करने का दोषी पाया। सहायक शासकीय अधिवक्ता अशोक कुमार यादव ने आरोपियों के अपराध को देखते हुए कड़ी सजा देने की दलील दी। अपर जिला जज ने आरोपियों को
20 साल का कारावास तथा 35-35 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। सजा सुनाए जाने के बाद उनको जेल भेजा गया है।
30 हजार पीड़िता को मिलेंगे
मैनपुरी (ब्यूरो)। किशोरी ने कोर्ट में गवाही के दौरान सर्वेश, धर्मेंद्र, रावेंद्र के खिलाफ अगवा कर दुष्कर्म करने की बात कही। चिकित्सक ने किशोरी के साथ दुष्कर्म की गवाही में पुष्टि की। अपर जिला जज ने आदेश में लिखा जुर्माने में से 30 हजार रुपया पीड़िता को दिए जाएंगे।