गुरुवार को लगातार तीसरे दिन भी सूर्यदेव के दर्शन न होने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई। बाजारों में भी रौनक कम दिखाई दी। लोग घरों और बाजारों में अलाव जलाकर सर्दी से राहत पाने की कोशिश करते दिखे। न्यूनतम तापमान चार डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
दिनभर आसमान में बादल छाए रहे। हालांकि सुबह से छाया घना कोहरा दिन में कुछ हल्का हुआ, लेकिन मौसम में नमी होने के कारण गलन बढ़ती गई। लोग दिनभर यही आस लगाए रहे कि सूरज के निकलने पर शायद गलन भरी सर्दी से कुछ राहत मिलेगी। हालांकि दोपहर बाद लगभग चार बजे सूरज बादलों की ओट से झांकते दिखे, लेकिन 10 मिनट बाद फिर बादलों की ओट में छिप गए। बाजारों में भी चहलकदमी कम नजर आई। दिनभर रही गलन भरी सर्दी से राहत पाने के लिए लोग जगह-जगह अलाव जलाकर खड़े दिखे।
सर्दी से पशु-पक्षी भी बेहाल नजर आ रहे हैं। वहीं, कड़ाके की सर्दी से राहत दिलाने के लिए प्रशासन और नगर पालिका द्वारा जलवाए जा रहे अलाव भी नाकाफी साबित हो रहे हैं। जिला अस्पताल, रोडवेज बस स्टैंड, प्रमुख चौराहों आदि स्थानों पर नियमित अलाव न जलने से लोगों को परेशानी हो रही है।
अलाव की लकड़ी भी समेट ले जाते हैं लोग
लोगों ने एसडीएम से की निरीक्षण के दौरान शिकायत
कड़ाके की सर्दी में लोगों को राहत देने के लिए डलवाई गई लकड़ियां लोग उठा ले जाते हैं। यह शिकायत निरीक्षण के दौरान एसडीएम से लोगों ने की।
उल्लेखनीय है कि घिरोर मैं उपजिलाधिकारी रामचंद्र यादव और अधिशासी अधिकारी सुरेंद्रपाल सिंह ने संयुक्त रूप से रात में निरीक्षण किया था। इस दौरान गोल चक्कर के पास उन्हें लोग अलाव जलाकर सर्दी से राहत लेते लोग दिखे। इसके बाद वे करहल चौराहा, जसराना तिराहा, थाना गली, नाहिली चौराहा आदि का निरीक्षण कर पुन: गोल चक्कर पहुंचे तो वहां न तो लोग थे और न हीं अलाव की लकड़ी। इस पर एसडीएम ने थोड़ा आगे चलकर मिले एक व्यक्ति से पूछा। उसने बताया कि साहब नगर पंचायत की डाली लकड़ी को लोग घर पर उठा ले जाते हैं। इस पर एसडीएम ने कहा कि अलाव की लकड़ी चोरी करने वालों पर निगाह रखी जाएगी। ऐसे लोगों का पता चलते ही कड़ी कार्रवाई की जाएगी।