फोटो 2 बरामद कुल्हाड़ी और खून से सनी शर्ट। संवाद
मैनपुरी। गांव रतनपुर किरकिच के रहने वाले आलोक के मन में पनपा शक उसकी मौत की वजह बन गई, उसे शक था कि गांव का रहने वाला नमन उसकी प्रेमिका से बात करता है। इसी को लेकर दोनों के बीच मारपीट हुई। इस दौरान हत्यारोपी ने कुल्हाड़ी से सिर में वार कर हत्या कर दी। पुलिस अधीक्षक गणेश प्रसाद साहा ने शुक्रवार को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।उन्होंने बताया कि पहली अप्रैल की बुधवार रात को थाना एलाऊ क्षेत्र के गांव रतनपुर किरकिच निवासी 21 वर्षीय आलोक शाक्य का शव उसके घर से करीब 300 मीटर दूर खेत पर बने कमरे में पड़ा मिला था, सिर पर किसी धारदार हथियार से वार किए जाने का निशान था। इस मामले के जल्द खुलासे के लिए पुलिस की टीमें लगाई गई थीं। बृहस्पतिवार रात थानाध्यक्ष अवनीश त्यागी ने सूचना के आधार पर नमन उर्फ नमो निवासी गांव रतनपुर किरकिच को सलेमपुर पढ़ीना के पास से गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने आलोक हत्याकांड का खुलासा किया।पूछताछ करने पर नमन ने बताया कि आलोक को उस पर शक था कि वह उसकी प्रेमिका से बात करता है, इससे पूर्व भी उनके बीच झगड़ा हो चुका था। बृहस्पतिवार शाम को नमन उसे गांव में मिला, तब आलोक ने उसे बात करने खेत पर बुलाया। आलोक ने नमन से प्रेमिका से बात करने के बारे में पूछा, उसने मना किया। मगर वह नहीं माना। इसी बात पर दोनों के बीच झगड़ा होने लगा। नमन ने कमरे में रखी कुल्हाड़ी से आलोक के सिर पर वार कर दिया। जिससे आलोक की मौके पर ही मौत हो गई। वह कुल्हाड़ी लेकर वहां से भाग गया।
एसपी ने बताया कि हत्याकांड के खुलासे में खोजी श्वान की अहम भूमिका रही है,। घटनास्थल पर जांच के दौरान खोजी श्वान ने हत्यारोपी के भागने का सटीक रास्ता दिखाया। आला कत्ल छिपाने वाली जगह की भी सटीक जानकारी दी। गिरफ्तारी के बाद जब नमन से पूछताछ की गई, तो उसने खोजी श्वान द्वरा दिए गए संकेत वाले स्थान से ही कुल्हाड़ी और खून के छींटे लगी अपनी शर्ट बरामद कराई। : गांव रतनपुर किरकिच में आलोक हत्याकांड किसी साजिश के तहत अंजाम दी गई घटना नहीं है, बल्कि बिना सोचे समझे, आवेश और शक के आधार पर उठाए गए कदम का परिणाम है। मन पर पूर्व में कोई आपराधिक मामला नहीं है। पुलिस की माने तो वह झगड़े से दूर रहने वाला युवक है। शक और आवेश में ऐसे हालात बने आलोक की जान चली गई, वहीं नमन अपराधी बन कर सलाखों के पीछे पहुंच चुका है।