जिलाधिकारी के निर्देश पर ईओ और अन्य अधिकारियों ने गुरुवार को आजाद नगर स्थित कांशीराम कालोनी का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारी वहां का नजारा देखकर चौंक गए। यहां बने तीन सौ आवासों में से सौ आवासों में किराएदार रह रहे थे। वहीं कालोनी में गंदगी से लेकर तमाम अव्यवस्थाएं मिलीं। इस पर उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समस्याएं दूर करने और जिन लोगों ने आवास किराए पर उठा दिए हैं उनके खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
डीएम लोकेश एम के निर्देश पर गुरुवार को ईओ रामपाल, प्रभारी तहसीलदार गजराज सिंह, वरुण मिश्रा, विनोद कुुमार आदि ने आजाद नगर स्थित कांशीराम कालोनी का निरीक्षण किया। यहां घर-घर जाकर उन्होंने लोगों से बातचीत की। इस दौरान एक चौंकाने वाले सच सामने आया। यहां पर चेक किए गए कुल तीन सौ आवासों में से सौ में किराएदार रह रहे थे। लाभार्थियों ने उक्त आवासों को किराए पर उठा दिया था यह देखकर अधिकारी चौंक गए। ईओ रामपाल ने सहयोगियों को निर्देश दिए कि वे ऐसे आवासों की सूची बनाएं जिन्हें लाभार्थी ने किराए पर उठा दिया था। इसके बाद उन्होंने कालोनी में गंदगी, बिजली, पानी आपूर्ति की व्यवस्था की जांच की। कालोनी में एक ओर बड़े पैमाने पर उन्हें गंदगी मिली तो कालोनी निवासियों ने बिजली और पानी की समस्या से अवगत कराया। आवासों में पानी की आपूर्ति के लिए रखी गईं टंकियां भी टूटी मिलीं। इस पर उन्होंने सहयोगियों से शीघ्र उक्त अव्यवस्थाएं दूर करने के आदेश दिए।
देर शाम ईओ ने जांच रिपोर्ट डीएम लोकेश एम को सौंप दी। इस पर उन्होंने भी उन लाभार्थियों की सूची बनाने के निर्देश दिए जिन्होंने अपने आवास किराए पर उठा दिए थे। यही नहीं उनके खिलाफ कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए।
यह हैं चयन के मानक
- आवेदक के पास खुद का निजी मकान न हो।
- बीपीएल कार्डधारक हो।
- रहने के लिए पर्याप्त जमीन न हो।