अवधनगर स्थित लाल मंदिर में शुरू होने वाली सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ गुरुवार को मंगल कलश यात्रा के साथ हो गया। कलश यात्रा को चेयरमैन साधना गुप्ता ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसमें बड़ी संख्या में महिलाएं तथा पुरुष श्रद्धालु शामिल थे। बैंडबाजों की धुन पर युवा थिरकते चल रहे थे।
गुरुवार को कलश यात्रा का शुभारंभ लाल मंदिर से पूजन-अर्चना के पश्चात हुआ। 21 कलशों को वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच भरवाकर युवतियां एवं महिलाएं सिर पर रखकर कलश यात्रा में शामिल हुईं। कलश यात्रा में सबसे आगे बैंड धार्मिक धुनों को बिखेरता चल रहा था। कलश यात्रा में सबसे आगे परीक्षित अपने सिर पर श्रीमद्भागवत पुराण तथा उनकी धर्मपत्नी मुख्य कलश को सिर पर रखकर चल रही थीं। कलश यात्रा स्टेशन रोड, भांवत चौराहा, पंजाबी कालोनी होती हुए पुन: लाल मंदिर पहुंची। यहां पंडित राम किशोर शुक्ला द्वारा मुख्य वेदी पर श्रीमद्भागवत महापुराण को विराजमान कराकर मंत्रोच्चारण के बीच कलश स्थापित कराए गए। इस मौके पर घनश्याम मिश्रा, अभिनंनद शुक्ला, गोपाल, चंदेल, शरद, मंजू, मनोहर, मीरा पांडेय, ममता दुबे, मिथलेश, लता, राधिका, रामश्री आदि मौजूद रहे।