किशनी। यूपीडा की महत्वाकांक्षी परियोजना इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के लिए नगर सहित तहसील के 6 गांव की जमीन ली जाएगी। इस पर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर बनाए जाने की योजना है। एसडीएम ने नगरीय व गांव के किसानों से वार्ता कर जानकारी दी है। गांव के किसानों ने ज्यादा मात्रा में जमीन जाने तो नगरीय किसानों ने चार गुना मुआवजा न मिलने पर जमीन देने से इनकार कर दिया।
बुधवार को एसडीएम नवनीता राय व नायब तहसीलदार पुष्पेंद्र यादव ने तहसील के गांव रठेह व नगर के किसानों से बैठक कर वार्ता की। किसानों की जमीन लेने से पूर्व उनकी सहमति लेने तथा उन्हें इस परियोजना के विषय में जानकारी दी। एसडीएम ने किसानों को बताया कि नगर सहित कुल 6 गांव में से 5 में बैठक कर ली गई है। गांव दिवंनपुर, महोली शमशेरगंज, सौनसी, रठेह तथा किशनी नगर में एडीएम द्वारा किसानों से बात की गई है।
पहली बैठक में किसानों ने अपनी ज्यादा जमीन जाने के कारण जमीन देने के लिए सहमति नहीं दी है। रठेह गांव के किसानों का कहना है कि अगर उनकी जमीन इंडस्ट्री के लिए ले ली जाएगी तो उन्हें गांव छोड़कर जाना पड़ेगा। दिवंनपुर, सौनासी तथा महोली शमशेरगंज में भी किसानों ने इतनी बड़ी भूमि के जाने पर विरोध जताया। किशनी नगर में इस बात से नाराजगी है कि उन्हें उनके सर्किल रेट से दोगुना मुआवजा ही दिया जाएंगा। जबकि अन्य जगहों पर चार गुना मुआवजा दिया जाएगा। दोगुने मुआवजे पर गांव व नगर के किसानों ने जमीन देने से इनकार कर दिया।