मैनपुरी। स्वास्थ्य विभाग ने जिले में बिना पंजीकरण के संचालित हो रहे क्लीनिक और पैथोलॉजी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। जिलाधिकारी के निर्देश पर झोलाछाप के नोडल अधिकारी ने मैनपुरी नगर में कार्रवाई की। इस दौरान आठ झोलाछापों के क्लीनिक को सील कर दिया गया।
एक दिन पहले हुई जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में जिलाधिकारी इंद्रमणि त्रिपाठी ने झोलाछाप के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसके बाद से ही स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार कार्रवाई कर रही है। बुधवार को नोडल अधिकारी आशुतोष कुमार ने लिपिक राजेश पांडेय और टीम के साथ नगर के गोला बाजार में छापा मारा। टीम ने डॉक्टर लाल पैथ क्लीनिक, आरव डेंटल क्लीनिक, मैनपुरी डायग्नोस्टिक सेंटर और लाल पैथ पैथोलॉजी के संचालकों से पंजीकरण व डिग्री संबंधी अभिलेख मांगे। संचालक कोई दस्तावेज नहीं दिखा सके।
इसके बाद टीम पुलिस लाइन रोड पर पहुंची। वहां बिछवां जांच केंद्र, ऋषभ कुमार लैब, डॉक्टर आस्तिक पाल और डॉक्टर मुनव्वर खान क्लीनिक को भी सील किया गया। संचालकों को नोटिस देकर एक सप्ताह के भीतर मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में अभिलेखों की जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं। कार्रवाई के दौरान कई झोलाछाप अपनी दुकानें बंद करके भाग गए। नोडल अधिकारी ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश पर बिना पंजीकरण के चलने वाले स्वास्थ्य संस्थानों पर कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने संचालकों से अपने संस्थानों का पंजीकरण कराने की अपील की।