आधे कस्बे में पेयजल आपूर्ति ठप होने से नाराज एक युवक पानी की टंकी पर चढ़ गया। और कू दने की धमकी देने लगा। युवक के टंकी पर चढ़ने की खबर फैलते ही जल संस्थान के कर्मचारी मौके पर पहुंच गए। जहां पर जुटी भीड़ ने जल संस्थान के जेई का घेराव कर कर्मचारी के साथ मारपीट की।
कबरई कस्बे में कई दिनों से पेयजल आपूर्ति बाधित होने से लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। कबरई के आधे मुहल्लों में पेयजल आपूर्ति पूरी तरह से ठप है, जिससे नाराज कबरई निवासी धनश्याम त्रिपाठी अस्पताल में बनी पानी की टंकी पर चढ़कर कूदकर जान देने की धमकी देने लगा। जिससे भारी संख्या में लोग एकत्र हो गए। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस और लोगों ने युवक को समझाने का प्रयास किया। लेकिन युवक ने किसी की नहीं मानी और जल संस्थान के कर्मचारियों को बुलाने पर अड़ गया। पुलिस द्वारा उपजिलाधिकारी को दी गई सूचना पर उन्होंने जल संस्थान के अवर अभियंता को मौके पर भेजा। जल संस्थान के अवर अभियंता एसके वर्मा कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे, जहां पर उत्तेजित भीड़ ने जेई का घेराव कर लिया और जल संस्थान के कर्मचारी की पिटाई कर दी। इतना ही नहीं उग्र भीड़ ने कर्मचारियों के साथ गाली गलौज भी किया। जिससे अवर अभियंता ने निममित आपूर्ति का आश्वासन देकर अपनी लोगों को शांत कराया। जेई के आश्वासन के बाद टंकी पर चढ़ा घनश्याम त्रिपाठी नीचे उतर आया।
जनता पीटती रही पुलिस बनी मूक दर्शक
कबरई कस्बे में पानी की टंकी पर चढ़े एक युवक की सूचना मिलने पर सुरक्षा की दृष्टि से पहुंची कबरई पुलिस और एसआई तमाशबीन बने कुर्सी पर बैठे रहे और भीड़ ने पुलिस के सामने कर्मचारी की पिटाई कर दी। इतना ही नहीं जल सस्थान के अधिकारियों के साथ भी अभद्र व्यवहार किया, लेकिन न तो पुलिस कुर्सी से उठी और न ही होहल्ला मचा रही भीड़ को शांत किया, जिससे भीड़ ने जमकर होहल्ला मचाया। पुलिस की इस कार्यप्रणाली से जल संस्थान के अभियंता और कर्मचारी खासा नाराज हैं।
कबरई बांध में पानी का जल स्तर खिसक जाने के कारण पानी साइफन से काफी दूर चला गया है। दो दिन पहले पोखलेन मशीनें चलाकर इंटेकवेल तक पानी लाया गया है, जिससे अब कबरई कस्बे में पानी की नियमित आपूर्ति हो सकेगी। बांध का पानी तेजी से घट रहा है, जिससे पानी की समस्या उत्पन्न हो रही है, लेकिन जल संस्थान पानी की आपूर्ति करने के लिए पूरी तरह से प्रयासरत है।
एसके वर्मा
अवर अभियंता जल संस्थान
महोबा