मालूम हो कि जिला कारागार की इमारत के के लिए दो साल से जमीन का चयन नहीं हो पा रहा है। करीब साल भर पहले छतरपुर रोड पर मुढ़हरा गांव के पास जमीन का चयन किया गया था लेकिन आपत्तियां आने और कृषकों को अधिग्रहण की जाने वाली भूमि का मुआवजा सर्किल रेट के हिसाब से न मिलने के कारण भूमि अधिग्रहीत नहीं की जा सकी। इसके बाद चांदो चंदपुरा रोड पर भी जिला कारागार के लिए जमीन की तलाश की गई थी लेकिन पर्याप्त जमीन न मिलने के कारण यहां भी प्लान फेल हो गया।
जिला कारागार और आवास निर्माण के लिए 55 एकड़ जमीन इस साल बरीपुरा गांव के पास हाईवे पर देखी गई। लेकिन बरीपुरा में क्रेशरों की उड़ती धूल के चलते टीम को यह जमीन भी रास नहीं आई। इससे जिला कारागार के इमारत निर्माण का मामला अधर में लटका हुआ है। जेल अधीक्षक आनंद कुमार सिंह का कहना है कि बरीपुरा के पास जमीन देखी गई लेकिन क्रेशरों के लगे होने के कारण उसका चयन नहीं किया जा सका।