महोबा। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में हुए करोड़ों के घोटाले के मामले में सीएससी संचालक समेत सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी पर कूटरचित दस्तावेज लगाकर तालाब, पहाड़, वन, नदी, चकमार्ग आदि की जमीनों पर फर्जी बीमा कराकर क्लेम निकालने का आरोप है। घोटाले में बीमा कंपनी के प्रबंधक समेत 23 आरोपी पहले जेल जा चुके हैं।
जिले में करीब 40 करोड़ के फसल बीमा घोटाले में बीमा कंपनी के अधिकारियों की मिलीभगत सामने आई। बीमा आवेदनों के सत्यापन के बिना ही करोड़ों का भुगतान किया गया। कोतवाली चरखारी में बीमा घोटाले को लेकर दर्ज एफआईआर में कई लोगों के नाम सामने आ रहे हैं। बृहस्पतिवार को कोतवाली प्रभारी चरखारी प्रवीण कुमार सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने बीमा योजना के फर्जीवाड़े में शामिल सीएससी संचालक पनवाड़ी के निर्टरा गांव निवासी कमलकिशोर, लुहारी निवासी राजेंद्र कुमार, सत्येंद्र कुमार राजपूत, कमलेश कुमार, निर्टरा निवासी सक्षम निवासीगण, बरा श्रीनगर निवासी रामस्वरूप और कुलपहाड़ के गोविंद नगर निवासी आशाराम को रतन सागर तालाब के पास से पकड़ा गया।
इन सभी आरोपियोंं ने सरकारी लाभ लेने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री फसल बीमा पोर्टल पर कूटरचित दस्तावेज लगाकर बीमा कराकर लाभ लिया। कोतवाल ने बताया कि सभी आरोपियों को न्यायालय में पेशी के लिए भेजा जा रहा है। एक दिन पहले बीमा कंपनी के जिला प्रबंधक निखिल चतुर्वेदी समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में अब तक 30 आरोपी पकड़े जा चुके हैं।
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यह है मामला
जिले में खरीफ सीजन 2024 में फसल बीमा के नाम पर करीब 40 करोड़ का घोटाला हुआ। घोटालेबाजों ने किसानों की जमीन का तो फर्जी तरीके से फसल का बीमा अपने नाम कराया ही, साथ ही नदी, नाले, तालाब, पहाड़, बंजर भूमि, चकमार्ग, वन आदि की जमीनों में फसल की बोआई दिखाकर बीमा कराया। इसके बाद बीमा कंपनी के कर्मचारियों की मिलीभगत से लाखों रुपये का फर्जी भुगतान भी दावा के रूप में प्राप्त कर लिया। कई लोगों के मिलीभगत करने से यह घोटाला करोड़ों रुपये का साबित हुआ।
इस मामले की परतें खुलीं तो उप कृषि निदेशक रामसजीवन ने महोबा कोतवाली में माह अगस्त में बीमा कंपनी के प्रबंधक निखिल चतुर्वेदी समेत कई अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज कराई। इसके अलावा जिले के पनवाड़ी, चरखारी, अजनर व कुलपहाड़ कोतवाली में अलग-अलग एफआईआर दर्ज कराई गईं। मामलों में 26 नामजद और कई अज्ञात लोगों को शामिल किया गया है।