-एक अप्रैल से प्रभावी होगा परिवहन विभाग का नया नियम
संवाद न्यूज एजेंसी
महोबा। जनपद की सड़कों पर 15 साल से अधिक पुराने स्कूली वाहन अब फर्राटा नहीं भर सकेंगे। स्कूली बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिले में 15 वर्ष से अधिक पुराने वाहनों को अब स्कूली वाहन के रूप में संचालित करने पर रोक लगा दी है। नियम का पालन न करने पर संबंधित स्कूल संचालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग की ओर से इसको लेकर निर्देश जारी किए हैं। जिस पर एआरटीओ कार्यालय ने इस संबंध में स्कूल संचालकों को निर्देश जारी कर दिए हैं। स्कूल बसों के संचालन को लेकर परिवहन विभाग के नए नियम बुधवार से प्रभावी होंगे। एआरटीओ दयाशंकर ने बताया कि उत्तर प्रदेश मोटरयान अधिनियम (26वां संशोधन) के तहत स्कूली वाहनों के लिए नए सुरक्षा मापदंड तय किए गए हैं। इसके अनुसार 15 साल से अधिक पुराने वाहन स्कूल बच्चों के परिवहन में उपयोग नहीं किए जा सकेंगे।
एआरटीओ कार्यालय के अनुसार जिले में करीब 200 स्कूली वाहन पंजीकृत हैं। इनमें से 15 वर्ष से अधिक पुराने वाहनों को अब संचालन से बाहर करना होगा। परिवहन विभाग की ओर से समय-समय पर वाहनों की चेकिंग की जाएगी। इस दौरान 15 वर्ष से अधिक पुराना स्कूली वाहन संचालित होता मिला तो संबंधित स्कूल संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।