केंद्र सरकार द्वारा जनवरी से लागू डीबीटीएल स्कीम के तहत जिले में भी 763 रुपये का सिलेंडर मिलना शुरू हो गया है। अभी तक एक हजार से अधिक का नान सब्सिडी सिलेंडर इंडेन वितरित कर चुकी है। जिसके आधार या बैंक खाते लिंक नहीं हैं उन्हें कंपनियां 440 रुपये का सिलेंडर मार्च तक ग्रेस पीरियड में देंगी। एक अप्रैल 2015 से शत प्रतिशत डीबीटीएल स्कीम लागू हो जाएगी। जिसके बाद किसी भी उपभोक्ता को बिना बैंक एकाउंट लिंक के सस्ता सिलेंडर नहीं मिल सकेेगा। एचपी गैस वितरक हिमांशु परमार ने बताया कि अब तीन प्रकार के डोमिस्टिक सिलेंडर एजेंसी से मिलेगें। एक 763 रुपये का जिसमें सब्सिडी खाते में जाएगी, दूसरा खाते लिंक न होने पर मार्च तक सब्सिडी सिलेंडर 440 रुपये में वहीं 12 सिलेंडर पूरे हो जाने पर 13 वां सिलेंडर 763 रुपये का दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि लगभग 85 प्रतिशत एचपी उपभोक्ताओं के फार्म जमा हो चुके हैं। जिसमें 58 प्रतिशत बैंक से लिंक हो चुके हैं। अब वे सीधे ग्राहक से बैंक एकाउंट लिंक कराने के लिए बैंक पास बुक लेकर स्वयं भी कंपनी की साइड पर खाते लिंक करा रहे हैं ताकि उपभोक्ता को जल्द लाभ दिलाया जा सके। उन्होंने बताया कि 763 रुपये जमा की रसीद निकलने पर 558 रुपये पहले सिलेंडर का सीधे उपभोक्ता के खाते में जाएगा। इसके बाद फिर से सिलेंडर की बुकिंग पर 763 रुपये लेकर 323 रुपये खाते में भेजा जाएगा। इंडेन गैस वितरक राजेंद्र गुप्ता ने बताया कि अभी तक वे एक हजार से अधिक सिलेंडर 763 रुपये में रिफिल कर चुके हैं। जिसके खाते लिंक हो चुके हैं उसकी रसीद इंडेन बुकिंग सर्वर 763 की निकाल रहा है जिसमें खाते में जाने वाली सब्सिडी शामिल है। जिनके खाते लिंक नहीं हैं उनको अभी पुरानी दर पर ही सिलेंडर देंगें। अभी तक 45 प्रतिशत खाते लिंक हो चुके हैं।
इंसेट
46 हजार के सापेक्ष 13 हजार ही हुए लिंक
महोबा।जिले में इंडेन, एचपी, भारत गैस की विभिन्न एजेंसियों में 46 हजार उपभोक्ता पंजीकृत हैं। जिसमें जागरूकता के अभाव में अभी तक केवल 13 हजार उपभोक्ताओं ने ही डीबीटीएल स्कीम से लिंक हो चुके हैं। शेष 33 हजार उपभोक्ताओं ने या तो अभी तक योजना के फार्म जमा नहीं किए अथवा संबधित बैंकों ने फार्म जमा कर योजना से उपभोक्ता को लिंक नहीं किया। बैंक भी इस मामले में लापरवाही कर रही हैं। जबकि डीएम वीरेश्वर सिंह ने पिछले पखवारे में हुई बैठक में में बैंकों को पृथक काउंटर के माध्यम से योजना सेें उपभोक्ताओं को जल्द जोड़ने के निर्देश दिए थे।
डीबीटीएल योजना की खास बातें
- खाता लिंक होने पर पहले सिलेंडर की बुकिंग के बाद सबसिडी की राशि 323 रुपये के अलावा 235 रुपये की सिक्योरिटी मनी भी कंपनी उपभोक्ता के खाते में सीधे ट्रांसफर करेगी।
- इसके बाद हर सिलेंडर में केवल 323 रुपये बुकिंग के बाद दो दिन के अंदर उपभोक्ता के खाते में पहुंच जाएगा।
- केवल माह मार्च 2015 तक ही जिन उपभोक्ताओं के गैस एकाउंट बैंक में लिंक नहीं हैं 440 रुपये का सिलेंडर मिल सकेगा।
- अब गैस एजेंसी में भी अपनें बैंक खाते लिंक कराने की सुविधा वितरक दे रहें हैं।
- सब्सिडी के 12 सिलेंडर पूरे लेने के बाद 13 वां सिलेंडर उपभोक्ता को 763 रुपये का मिलेगा, जिसमें कोई छूट का प्रावधान नहीं हैं।
- अब केवल वास्तविक गैस उपभोक्ता को ही योजना का लाभ मिल सकेगा। फर्जीवाड़ा में शत प्रतिशत नकेल कसी जाएगी।
- डीबीटीएल योजना पूरी तरह लागू हो जाने पर गैस वितरकों की मनमानी बंद हो जाएगी। कारण गैस उपभोक्ता सीधा कंपनी से लिंक हो जाएगा। कभी भी अपने लिए गए सिलेंडरों की जानकारी ले सकेगा।
- अब बिना बैंक औपचारिकता पूरी किए नए कनेक्शन नहीं मिल सकें गें।
- कामर्शियल उपयोग वाले बड़े सिलेंडर बाजार की दरों के अनुरूप ही मिलेगें।