रोडवेज बसे मारुति में टक्कर होने से हाई वोल्टेज ड्रामा चला।
जिससे मारुति सवार लोग रोडवेज चालक को दिन दहाड़े उठा ले गए। यात्रियों की
सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने ड्राइवर की तलाश की लेकिन चालक का कोई
भी सुराग नहीं लग सका। जिससे बस यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के एक
घंटे बाद रोडवेज डिपो पर आए मारुति चालकों को पुलिस ने धर दबोचा। बाद में
दोनो पक्षों में समझौता होने के बाद पुलिस ने मारुति चालकों को छोड़ दिया।
महोबा रोडवेज डिपो की दिल्ली जाने वाली बस लेकर गुरुवार को ड्राइवर शशिकांत एक बजे जा रहा था। शहर के चंद्रकुंवर पैलेस के समीप सामने से आ रही मारुति कार में रोडवेज बस का किनारा छू गया। जिससे मारुति क्षतिग्रस्त हो गई। रोडवेज चालक के न रुकने से मारुति सवारों ने ओवर टेक कर बस को रोक लिया। गुस्साएं मारुति सवारों ने ड्राइवर को दिन दहाड़े खींच कर मारुति में डालकर उठा ले गए। यात्रियों ने घटना की सूचना कोतवाली पुलिस को दी। मौके पर पहुंचे कोतवाल ने अपहरणकर्ताओं की जानकारी ली, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। उधर चालक के अपहरण हो जाने से यात्रियों को घंटों इंतजार करना जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। रोडवेज विभाग के अधिकारियों ने अन्य ड्राइवर की व्यवस्था कर बस को डिपो वापस बुलाया गया। जहां यात्रियों का किराया वापस किया गया। एक घंटे बाद डिपो पहुंचे मारुति सवारों को पुलिस ने दबोच लिया। बाद में दोनों पक्षों में समझौता होने बाद पुलिस ने अपहरणकर्ताओं को छोड़ दिया। डिपो इंचार्ज सुनील शर्मा ने बताया कि बस से मारुति में थोड़ी खरोच आ गई थी। जिस पर मारुति सवार बस से ड्राइवर को उठा ले गए थे। डिपो में मारुति सवारों और ड्राइवर के बीच पुलिस ने मामला निपटा दिया है। दिल्ली जाने वाली बस को तीन घंटे विलंब से उसे यात्रियों की सुविधा के लिए भेजा है।