महोबा में खरेला कस्बा के मोहल्ला डिंगूर्राय में कर्ज व फसल बर्बाद होने से परेशान किसान ने फांसी लगाकर जान दे दी। पत्नी ने मृतक पर करीब तीन लाख रुपये साहूकारों का कर्ज होना बताया है। पुलिस आत्महत्या के कारणों की जांच कर रही है।
मोहल्ला डिंगुर्राय निवासी उमाशंकर नामदेव (43) के पास साढ़े तीन बीघा भूमि थी। जिसमें खेती किसानी के साथ मेहनत मजदूरी करके किसान परिवार का भरण पोषण करता था। कई वर्षों से खेती में सही उपज न होने और मजदूरी न मिलने पर उसने साहूकारों से करीब तीन लाख रुपये कर्ज ले रखा था।