उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने छह सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन का विगुल फूंक दिया है। 16 अगस्त को लेखपाल तहसील मुख्यालय में धरना प्रदर्शन कर प्रदेश के राजस्व मंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपेंगे। इसके बाद 30 अगस्त तक लगातार कार्य बहिष्कार व आंदोलन जारी रहेगा। संघ के सचिव जयराम प्रजापति ने पदाधिकारियों के साथ एसडीएम को सौंपे
ज्ञापन में बताया कि विभिन्न मांगों को लेकर लेखपाल परेशान है। समस्याओं के निस्तारण के लिए 16 अगस्त से धरना प्रदर्शन के साथ आंदोलन शुरू होगा। 17 अगस्त से 22 अगस्त तक प्रदेश के सभी लेखपाल काली पट्टी बांधकर विरोध जताएंगे। 23 से 29 अगस्त तक पूर्ण कार्य बहिष्कार करते हुए जिला मुख्यालयों में धरना प्रदर्शन किया जाएगा। 30 अगस्त को प्रदेश के
सभी लेखपाल लखनऊ में विधानसभा भवन का घेराव करेंगे। ज्ञापन में बताया कि लेखपालों की प्रमुख मांगें लेखपाल संवर्ग में उत्पन्न एसीपी विसंगति दूर किए जाने, लेखपाल संवर्ग का पद नाम राजस्व उपनिरीक्षक किए जाने, लेखपाल संवर्ग का काडर पूर्व की तरह जनपद स्तरीय करते हुए स्थानांतरण नीति में संशोधन किए जाने, पांच लेखपालों पर एक राजस्व निरीक्षक बनाए जाने तथा एक अप्रैल 2005 से पूर्व चयनित लेखपालों को पुरानी पेंशन व्यवस्था का लाभ दिए जाने की मांग की है।