महोबा। ब्लॉक पनवाड़ी के नकरा गांव में बरसाने की तर्ज पर अनोखी लट्ठमार होली खेले जाने की परंपरा आज भी कायम है। होली की दोज के दिन परंपरा के अनुसार महिलाएं पुरुषों पर लाठियां बरसाती हैं जबकि पुरुष ढाल के साथ खुद के बचाव का प्रयास करते हैं। इस दौरान फाग गीतों के साथ मिलकर प्रेम व मनोरंजन के साथ होली का पर्व मनाया जाता है।
होली पर्व शुरू हो गया है। रंग और उमंग के पर्व होली को लेकर लोगों में अलग ही उत्साह दिखाई दे रहा है। नकरा गांव में होली पर्व मनाए जाने को लेकर लोगों में उत्सुकता बढ़ गई हैं। यहां अनूठे तरीके से होली होती है। नकरा गांव में वर्षों से चली आ रही परंपरा के अनुसार मथुरा-वृंदावन के नंद गांव बरसाने की तर्ज पर भाई दूज के दिन होली का त्योहार मनाया जाता है। इस दौरान महिलाएं नारी शक्ति का अहसास कराते हुए लट्ठमार होली खेलती हैं। वहीं पुरुष भी हाथों में लाठी लेकर महिलाओं से बचाव करते हैं। पूरे दिन अबीर-गुलाल उड़ता है और ग्रामीणों में अलग ही उत्साह देखने को मिलता है। नकरा गांव में होली को लेकर एक सप्ताह पहले से ही तैयारी शुरू हो जाती है। इस अनूठी परंपरा को देखने के लिए आसपास के गांवों के लोगों भी बड़ी संख्या में जुटते हैं। नकरा गांव की महिला रामदेवी, गीता, कुंवरबाई आदि का कहना है कि लट्ठमार होली यहां की पुरानी परंपरा है। इस साल भी पूरे उत्साह के साथ होली का पर्व मनाया जाएगा। इसको लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।