कबरई (महोबा)। कस्बा कबरई से 36 घंटे पहले लापता हुआ क्रशर व्यापारी घर लौट आया। सर्विलांस की मदद से पुलिस ने व्यापारी को खोजा। पूछताछ में पता चला कि क्रशर व्यापारी ने भाई से मिलकर स्वयं गुमशुदगी का षड्यंत्र रचा था। इसके पीछे परिजनों को परेशान करने की साजिश थी।
कस्बे के विशाल नगर निवासी सुरेश शिवहरे का पहरा गांव में अखंड ग्रेनाइट के नाम से क्रशर प्लांट है। शुक्रवार को दोपहर करीब 12 बजे वह घर से क्रशर जाने की बात कहकर बाइक से निकला और शनिवार सुबह 8 बजे तक घर नहीं लौटा। तब पुत्र धीरज शिवहरे ने क्रशर यूनियन के पदाधिकारियों को पिता के गायब होने की जानकारी दी। बताया कि रात तक फोन न उठाने और फिर फोन स्विच ऑफ बताने लगा। तब यूनियन के पदाधिकारियों ने थाने पहुंच सूचना दी। पुलिस ने व्यापारी के मोबाइल नंबरों को सर्विलांस में लगाकर ट्रेस कराया तो उसकी लोकेशन बांदा जनपद के मटौंध में मिली। जिसे पुलिस ने खोज निकाला लेकिन व्यापारी अपने परिवार से नाराजगी की बात कहकर घर नहीं लौटा और कबरई में ही अपने मित्रों के पास रुक गया। शनिवार देर रात उसके मित्र व्यापारी को घर लेकर पहुंचे। तब परिजनों ने राहत महसूस की।
थानाध्यक्ष दिनेश सिंह ने बताया कि पूरा मामला स्वयं व्यापारी और उसके छोटे भाई अंगद शिवहरे ने मिलकर षड्यंत्र के तहत बीबी-बच्चों को परेशान करने के लिए रचा था। सर्विलांस से पता चला कि गायब व्यापारी की अपने छोटे भाई से लगातार बात हो रही थी और भाई को उसके मटौंध में होने की जानकारी भी थी। दोनों भाइयों ने अपने निजी कारणों से पुलिस को गुमराह किया है।