प्रभारी जिला जज गजेंद्र कुमार ने कहा कि श्रम कानूनाें की जानकारी के अभाव में श्रमिकाें का निरंतर उत्पीड़न होता है। श्रमिक सौ रुपये देकर श्रम विभाग में पंजीकरण कराएं और योजनाआें का लाभ लें।
प्रभारी जिला जज शुक्रवार को कस्बे के जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में अर्चना ग्रेनाइट में आयोजित विधिक साक्षरता शिविर का अवसर पर बोल रहे थे। उन्हाेंने कहा कि श्रम विभाग में श्रमिकाें का पंजीकरण हो जाने से श्रमिकाें का आंकड़ा अंकित हो सकेगा। उन्होंने कहा कि श्रमिकाें को अपने अधिकाराें के प्रति जागरूक होना होगा। तभी उनका उत्पीड़न रुक सकेगा। इस मौके पर अपर जिला जज द्वितीय संजय हरि शुक्ला ने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा लोगाें को सुलभ और सस्ता न्याय दिलाया जाता है। श्रमिकाें को भी उत्पीड़न के खिलाफ आवाज उठाने में प्राधिकरण की मदद लेना चाहिए। सिविल जज सीनियर डिवीजन रवींद्र कुमार सिंह ने कहा कि श्रमिक किसी भी समय आकर कानूनी सहायता प्राप्त कर सकते हैं। उन्हें हरसंभव मदद उपलब्ध कराई जाएगी। उन्हाेंने श्रमिकाें से लेबर आफिस में पंजीकरण कराने पर जोर दिया। उप जिलाधिकारी सदर प्रबुद्ध सिंह ने कहा कि श्रमिकाें को अपने अधिकाराें के प्रति जागरूक करने के लिए श्रमिक दिवस मनाया जाता है। श्रमिक जागरूक होकर सरकार द्वारा चलाई जा रहीं योजनाआें का लाभ उठाएं। इस मौके पर परियोजना निदेशक हुबलाल, तनवीर आलम, रघुराज सिंह, देवेंद्र गुप्ता, अशोक मौर्या, मनोज यादव आदि मौजूद रहे। वहीं इस अवसर पर क्रेशर यूनियन की ओर से 500 श्रमिकाें को कंबल वितरित किए गए। चरखारी प्रतिनिधि के अनुसार, न्यायालय के सभागार में सिविल जज जूनियर डिवीजन राजीव शुक्ला की अध्यक्षता में विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान सिविल जज जूनियर डिवीजन ने श्रमिकाें को जागरूक होने और श्रम विभाग में पंजीकरण कराने पर जोर दिया। इस मौके पर वीरपाल, महेंद्र यादव, नरेश लक्षकार, जीतेंद्र कमार सहित तमाम लोग मौजूद रहे।