महोबा। थाना श्रीनगर के पवा गांव में किसान की आत्महत्या के मामले में नया मोड़ आ गया है। मृतक के भाई ने बताया कि अतिवृष्टि से खरीफ सीजन में बोई गई फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई थी। इससे परेशान होकर उसके भाई ने जहर खाकर जान दी। उस पर साहूकारों का भी कर्ज था। जिसकी अदायगी की चिंता को लेकर वह परेशान रहता था।
पवा गांव निवासी भगवानदास कस्बा श्रीनगर में रहकर बटाई पर 40 बीघा भूमि लेकर खेती-किसानी करता था। फसल बर्बाद होने पर उसने शनिवार को खेत में ही जहर खाकर जान दे दी थी। रविवार को पोस्टमार्टम के लिए आए मृतक के भाई सुनील ने बताया कि उसके भाई ने कर्ज लेकर भूमि बटाई पर थी। अधिक बारिश होने से तिल और उड़द की फसल खेत में ही नष्ट हो गई। उसके ऊपर करीब ढाई लाख रुपये साहूकारों का कर्ज था। इससे वह परेशान रहता था। घटना से मृतक की पत्नी व मासूम बेटी का रो-रोकर बुरा हाल है। थानाध्यक्ष जयचंद्र सिंह का कहना है कि युवक की जहर खाने से मौत होने का मामला संज्ञान में आया है। जांच कराई जा रही है।