महोबा। जिलाधिकारी अवधेश कुमार तिवारी की अध्यक्षता में मंगलवार को सांसद व विधायक निधि एवं श्यामा प्रसाद मुखर्जी ग्रामीण मिशन योजना के अंतर्गत जिले में कराए जा रहे निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक हुई। अधिकांश कार्य निर्माणाधीन होने और कुछ कार्यों को शुरू न किए जाने पर डीएम भड़क गए। उन्होंने लापरवाह निर्माण एजेंसियों के टेंडर निरस्त करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने सांसद व विधायक निधि से प्रस्तावित निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए पाया कि वितीय वर्ष 2017-18, 2018-19 व 2019-20 के कुछ कार्य निर्माणधीन हैं। कुछ कार्यों को अभी तक शुरू नहीं किया गया है। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई। कहा कि जिन प्रबंध समितियों व कार्यदायी संस्थाओं ने अभी तक कार्य शुरू नहीं किए हैं और लापरवाही की है, ऐसी निर्माण एजेंसियों व फर्मों पर 10 प्रतिशत पेनाल्टी लगाई जाए और उनके टेंडर निरस्त कर दूसरी संस्था को कार्य आवंटित किया जाए।
डीएम ने कहा कि सांसद व विधायक निधि से ज्यादातर विद्यालयों में कक्ष, शौचालय, पुस्तकालय आदि निर्माण कार्य किए जाने हैं। उन्होंने सभी निर्माण संस्थाओं को सख्त निर्देश दिए कि सांसद व विधायक निधि से जो भी कार्य निर्माणाधीन हैं, उन्हें हर हाल में एक माह के अंदर पूरा करा दिया जाए, अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने श्यामप्रसाद मुखर्जी ग्रामीण मिशन योजना के अंतर्गत कराए गए कार्यों की समीक्षा कर अफसरों को कड़े निर्देश दिए। बैठक में सीडीओ हीरा सिंह, सीएमओ डॉ. सुमन, पीडी डीएन पांडेय, डीआईओएस एसपी सिंह, बीएसए एमपी सिंह, डीएसओ एसपी शाक्य समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।