महोबा। कोतवाली क्षेत्र के पसवारा में खनन के दौरान पहाड़ में विस्फोट होने से दो श्रमिकों की मौत का मामला निदेशालय तक पहुंच गया है। खान सुरक्षा निदेशालय के डिप्टी डायरेक्टर रामबाबू अदरैला ने पत्थर खदान पहुंच जांच की। उन्होंंनें श्रमिकों के सुरक्षा मानकोंं को भी परखा। उन्होंने पूरी रिपोर्ट शासन को भेजने की बात कही। ऐसे में पट्टाधारक पर कार्रवाई हो सकती है।
पसवारा पहाड़ में खनन के दौरान बिजली चमकने से 31 अगस्त को विस्फोट हुआ था। हादसे में मकरबई निवासी श्रमिक सलीम व नारायण सिंह की मौत हो गई थी जबकि दो श्रमिक घायल हुए थे। श्रमिकों से बिना सुरक्षा उपकरण काम कराया जा रहा था। इस मामले में पट्टाधारक ने मृतकोंं के परिजनोंं को 20-20 लाख रुपये देकर मामला रफा-दफा कर दिया था। भारतीय मजदूर संघ के जिला विस्तारक आशीष सिंह ने मामले की शिकायत खान सुरक्षा निदेशालय गाजियाबाद से की थी। जिसके बाद निदेशालय के डिप्टी डायरेक्टर ने पसवारा पहाड़ पहुंचकर निरीक्षण किया। जहां सुरक्षा मानकों में लापरवाही मिलने पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने पहाड़ में बिछाए गए विस्फोटक समेत अन्य सामग्री जांच के लिए एकत्र किए। वहीं ग्रामीणोंं ने पट्टा निरस्त कराने की मांग उठाई। हल्के, सुखिया, गेंदारानी आदि ने कहा कि गांव में बस्ती के पास पहाड़ संचालित है। इससे बड़े हादसे का खतरा बना है।