ग्राम रतौली एवं पचपहरा के बीच बने बांध के निर्माण में अधिग्रहीत की गई भूमि का मुआवजा न मिलने से नाराज किसानों ने तहसील परिसर में प्रदर्शन किया। उप जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर जल्द से जल्द भूमि का मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। मुआवजा न मिलने पर भूख हड़ताल और आत्मदाह की चेतावनी दी।
गुरुवार को ग्राम पचपहरा और रतौली के किसान तहसील पहुंचे और मुआवजे दिए जाने को लेकर प्रदर्शन किया। पचपहरा के झुरिया, रामकृपाल सिंह, हल्के सिंह, श्रीपाल सिंह, राधारानी, रतीराम, जगदीश पाल, महेंद्र सिंह, ऊदल, कालीचरन, कल्याण सिंह, संतोष तिवारी आदि किसानाें ने उप जिलाधिकारी राकेश कुमार गुप्ता को सौंपे प्रत्यावेदन
में बताया कि तीन वर्ष पहले रतौली और पचपहरा के बीच बांध के निर्माण के दौरान उनकी भूमि अधिग्रहीत की गई थी, लेकिन भूमि का मुआवजा आज तक किसानाें को नहीं दिया गया है, जबकि बांध का निर्माण कार्य लगातार चल रहा है।
बताया कि सिंचाई विभाग अधिकारियों से कई बार मांग करने के बावजूद आज तक मुआवजा नहीं मिला। किसानों ने बताया कि तीन साल में मुआवजा न मिलने से किसान अपनी भूमि पर कृषि कार्य नहीं कर पा रहे हैं, जिससे उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
किसानों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही उन्हें मुआवजा नहीं दिलाया गया तो किसानों को भूख हड़ताल और आत्मदाह के लिए विवश होंगे।