महोबा। दैनिक वेतनभोगी वन कर्मचारियों ने शहर के आल्हा चौक स्थित अंबेडकर पार्क में धरना देकर बकाया वेतन के भुगतान समेत कई मांगें प्रमुखता से उठाईं । इस दौरान वन कर्मचारियों ने वन विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की।
मंगलवार को आयोजित धरना सभा को संबोधित करते हुए दैनिक वेतनभोगी वन कर्मचारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष चंद्रपाल यादव ने कहा वन विभाग के अधिकारी वन कर्मचारियाें को ड्यूटी देने में आनाकानी कर रहे हैं। इससे वन कर्मचारियाें के परिवार भुखमरी की कगार पर पहुंच चुके हैं। उन्होने कहा वन कर्मचारी लंबे समय से विभाग में योगदान कर रहे हैं। इसके बाद भी वन विभाग के अधिकारी बजट का रोना रोकर कर्मचारियाें को ड्यूटी पर नहीं रख रहे हैं। उन्हाेंने कहा वित्तीय वर्ष 2012 में अपर जिलाधिकारी के समक्ष प्रभागीय वनाधिकारी से समझौते के तहत 105 कर्मचारियाें को काम पर रखने का प्रावधान था। इनमें से 45 कर्मचारियाें को आज तक न तो काम पर लिया गया और न उन्हे बकाया वेतन का भुगतान किया गया। इससे कर्मचारियाें को धरना देकर अपनी आवाज उठाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। वन कर्मचारियाें ने तीन दिन के अंदर मांगें पूरी न होने पर जिलाधिकारी कार्यालय के सामने आमरण अनशन करने का फैसला लिया। इस अवसर पर बाल किशोर, दुलीचंद्र, ज्ञानेंद्र, भवानीदीन, महीपाल, शिवनारायण पाल, निर्भय सिंह, योगेंद्र सिंह, देशराज, रूप सिंह, महाराज सिंह, हरिचरण, ताजउद्दीन खान, प्रहलाद, राजेंद्र तिवारी, रामप्रसाद, महबूब, पन्नालाल, मोहन सिंह और रामनारायण सहित तमाम दैनिक वेतनभोगी वन कर्मचारी मौजूद रहे।