फर्जी भुगतान के प्रयास मामले में उर्दू अनुवादक निलंबित
महराजगंज। माध्यमिक शिक्षा विभाग में उर्दू अनुवादक के रूप में तैनात शकील अहमद को कूटरचित तरीके से कागजात तैयार कर तथा चेक पर फर्जी हस्ताक्षर बनाकर तीन लाख भुगतान कराने के प्रयास के आरोप में संयुक्त शिक्षा निदेशक माध्यमिक ने निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में आरोपित को डायट कार्यालय से संबद्ध रहना होगा।
मामले में जिला विद्यालय निरीक्षक ने अपनी तहरीर में लिखा था कि 16 सितंबर को 11 बजकर 22 मिनट पर उनके सीयूजी नंबर पर भारतीय स्टेट बैंक लखनऊ से आई काल को रिसीव करने पर 14 सितंबर को निर्गत तीन लाख रुपये के भुगतान किए जाने से पूर्व पुष्टि करने के लिए कहा गया। तब इसका खुलासा हुआ। उसके बाद शकील अहमद व एक अन्य पर जिला विद्यालय निरीक्षक ने सदर कोतवाली में 17 सितंबर को मुकदमा दर्ज कराया था।
बाद में पता करने पर ज्ञात हुआ कि कार्यालय में उर्दू अनुवादक के तौर पर तैनात शकील अहमद ने ही यह कृत्य किया है तो उसके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई के लिए डीआईओएस ने संयुक्त शिक्षा निदेशक को पत्र भेजा था। मामले में प्रथम दृष्टया दोषी पाते हुए संयुक्त शिक्षा निदेशक माध्यमिक योगेंद्र नाथ सिंह ने उर्दू अनुवादक को तत्काल निलंबित कर दिया है।
निलंबन अवधि में डायट से संबद्ध रहने का भी आदेश जारी किया। जिला विद्यालय निरीक्षक अशोक कुमार सिंह ने कहा कि आरोपी उर्दू अनुवादक को निलंबित कर दिया गया है।आरोपी उर्दू अनुवादक शकील अहमद के विरुद्ध आरोप पत्र तैयार किए जाने के भी निर्देश दिए गए हैं।