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यूपी बोर्ड : सोशल मीडिया की फर्जी सूचनाओं पर रहेंगी बोर्ड की ''सतर्क निगाह''

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कंट्रोल रूम में एक तरफ निगरानी का इंतजाम
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बोर्ड ने जारी किये चार आधिकारिक लिंक
महराजगंज। यूपी बोर्ड परीक्षा में सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचनाओं को फैलने से रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम रहेंगे। इसके लिए जनपदीय कंट्रोल रूम में एक तरफ सोशल मीडिया पर नजर रखी जाएगी। शिफ्टवार तीन-तीन शिक्षकों की तैनाती रहेगी। यह भ्रामक सूचनाओं को न सिर्फ फैलने से रोकेंगे बल्कि तथ्यहीन सूचना पोस्ट करने वाले की आईडी की कंप्लेन भी करेंगे।
जनपद में 278 माध्यमिक स्कूलों से 70,707 परीक्षार्थी हाईस्कूल व इंटर की परीक्षा में 18 फरवरी से प्रतिभाग करेंगे। इनके लिए कुल 104 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनकी निगरानी सीसीटीवी कैमरों के जरिये तीन स्तरों से की जाएगी। इसके साथ-साथ सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचना फैलाकर परीक्षा को प्रभावित करने का प्रयास न होने पाए इसके लिए भी जनपद स्तरीय कंट्रोल में इंतजाम किए गए हैं। इसके अतिरिक्त माध्यमिक शिक्षा परिषद ने यूपी बोर्ड के मिलते-जुलते सोशल अकाउंट से अपुष्ट व भ्रामक सूचनाएं प्रेषित किए जाने की आशंका को देखते हुए परीक्षा से जुड़ी सूचनाओं के लिए चार आधिकारिक लिंक से पुष्टि के निर्देश दिए हैं।
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डीआईओएस कार्यालय को मिले पत्र में बताया गया है कि माध्यमिक शिक्षा परिषद समय-समय पर आवश्यक सूचनाएं अपने विभिन्न प्रसार चैनलों के माध्यम से साझा करता है। इसलिए परिषद के आधिकारिक अकाउंट की सूचना ही सत्य मानें। कहा गया है कि कुछ लोग हैंडल बनाकर भ्रामक प्रसार का प्रयास करते हैं। ऐसे में कोई भी अधिकारिक सूचना पाने के लिए परिषद का फेसबुक पेज माध्यमिक शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश के नाम से तो इंस्टाग्राम, यूट्यूब, एक्स हैंडल यूपीबोर्डपीआरवीजे माध्यमिक शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश से जारी सूचना ही सत्य व पुष्ट मानी जाएं।
82 परीक्षा केंद्रों पर भेजी गई उत्तर पुस्तिका
यूपी बोर्ड की शुरू हो रही परीक्षा के लिए उत्तर पुस्तिकाओं का वितरण शनिवार डीआईओएस कार्यालय से प्रारंभ हुआ। पहले दिन कुल 82 परीक्षा केंद्रों पर उत्तर पुस्तिकाएं भेजी गई। बोर्ड परीक्षा का दायित्व देख रहे हरि चौधरी ने बताया कि 22 परीक्षा केंद्रों को उत्तर पुस्तिका आज भेजी जाएगी। राजकीय प्रधानाध्यापकों के माध्यम से उत्तर पुस्तिका डीआईओएस के निर्देश पर वितरित कराई जा रही हैं।
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वर्जन

परीक्षा में सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचना न फैल सके इसके लिए निगरानी रखी जाएगी। बोर्ड की तरफ से आधिकारिक लिंक जारी किए गए हैं। इन्ही स्रोतों की सूचना पुष्ट मानी जाएगी। शेष अन्य अगर गलत सूचना पोस्ट करते तो निगरानी टीम उक्त के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराएगी। निगरानी व्यवस्था कंट्रोल रूम में की गई है। इसके साथ साथ शनिवार उत्तर पुस्तिका केंद्रों को भेजने की प्रक्रिया शुरू कराई गई है।
-प्रदीप कुमार शर्मा, डीआईओएस।
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