पकवा इनार। कुशीनगर मुख्य महापरिनिर्वाण मंदिर में पांचवीं शताब्दी लेटी बुद्ध प्रतिमा के दर्शन के लिए बृहस्पतिवार को श्रीलंका, म्यांमार और ताइवान के पर्यटकों की सूर्योदय से सूर्यास्त तक आवक बनी रही।
पर्यटकों ने अपने रीति रिवाजों व संस्कृति के मुताबिक बुद्ध की 6.1 मीटर लेटी प्रतिमा का दर्शन किया। बुद्ध वंदना के साथ चीवर चढ़ाया। उत्खनित पुरावशेषों व संरचनाओं की ऐतिहासिकता व प्राचीनता से रूबरू हुए। श्रीलंका का पांच पर्यटकों का दल, म्यांमार का दो और ताइवान का 16 सदस्यीय एक दल सहित अन्य देशों के पर्यटकों की धूम रही।
पर्यटकों का दल मांथा कुंवर मंदिर में भू-स्पर्श मुद्रा में बुद्ध प्रतिमा व अंतिम संस्कार स्थल रामाभार स्तूप का भी दर्शन किया। सभी ने अपने रीति रिवाजों व संस्कृति के अनुसार पूजा-अर्चना किया। इसके अलावा स्थानीय लोगों की भी आवक बनी रही।
बिहार प्रांत से लेकर देवरिया, महराजगंज, बस्ती सहित अन्य जगहों के स्कूलों के बच्चों की भी आवक से दिनभर चहल-पहल बनी रही। भ्रमण पर आए विद्यार्थियों ने बुद्ध की लेटी प्रतिमा, मांथा कुंवर मंदिर, राजकीय बौद्ध संग्रहालय,थाई मंदिर सहित अन्य स्थलों को देखा। उनके ऐतिहासिकता और प्राचीनता से भी अवगत हुए।