महराजगंज। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मंसूरगंज में अल्ट्रासाउंड जांच की सुविधा नहीं है। इससे मरीजों को परेशानी हो रही है।
गर्भवती महिलाओं, पेट दर्द, पथरी, लिवर या किडनी संबंधी समस्याओं से जूझ रहे मरीजों को अल्ट्रासाउंड जांच के लिए जिला अस्पताल या निजी सेंटरों पर जाना पड़ता है। इससे मरीजों का समय और पैसे दोनों की बर्बादी हो रही है। इसके बाद भी जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मंसूरगंज से करीब 17 गांव जुड़े हैं। यहां रोजाना 100-150 मरीज ओपीडी के लिए आते हैं। इसमें से औसतन पांच मरीज ऐसे आते हैं जिन्हें अल्ट्रासाउंड जांच की जरूरत होती है। सीएचसी में यह सुविधा न होने के कारण उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है, जबकि सीएचसी में एक्स-रे की सुविधा तो उपलब्ध है, लेकिन टेक्नीशियन की अनुपस्थिति के कारण मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल पाता।
कई बार मरीज एक्स-रे कराने के लिए आते हैं, लेकिन टेक्नीशियन की गैर मौजूदगी के कारण उन्हें लौटना पड़ता है।
वर्तमान में इस केंद्र में डॉक्टर रणविजय सिंह, फार्मासिस्ट आनंद द्विवेदी, वार्ड ब्वाय शिवा, एएनएम नीलम, श्रेया सिंह और प्रीति त्रिपाठी तैनात हैं। गीता, बबली, संगीता, मालती, सरस्वती, झीनक, कत्यानी का कहना है कि सीएचसी में जल्द से जल्द अल्ट्रासाउंड मशीन की सुविधा उपलब्ध कराई जाए।