तेंदुए के हमले से घबराई युवती जोर-जोर से चीखने लगी। उसकी आवाज सुनकर आसपास मौजूद ग्रामीण मौके की ओर दौड़े, लेकिन तब तक तेंदुआ हमला कर झाड़ियों में छिप चुका था। ग्रामीण अभी कुछ समझ ही पाते कि उसी दौरान पास में मौजूद नीरज (16 वर्ष) पुत्र शौकीलाल और मुरलीधर (69 वर्ष) पुत्र स्वर्गीय सुमेर पर भी हमला कर दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार तेंदुआ काफी आक्रामक स्थिति में दिखाई दे रहा था। लोगों के शोर-शराबे के बीच वह तेजी से गांव की ओर भागा। लोगों के घायल होते ही ग्रामीणों में और अधिक दहशत फैल गई। किसी तरह लोगों ने शोर मचाकर तेंदुए को वहां से भगाया।
तेंदुए के हमले के बाद वनग्राम अचलगढ़ समेत आसपास के क्षेत्रों में भय का माहौल है। ग्राम प्रधान योगेंद्र सहानी का कहना है कि पहले भी जंगल के आसपास जंगली जानवरों की आवाजाही देखी जाती रही है, लेकिन इस तरह खुलेआम गांव के पास हमला होने से लोग सहमे हुए हैं।
खासकर महिलाएं और बच्चे घरों से बाहर निकलने में डर महसूस कर रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से जल्द तेंदुए को पकड़ने की मांग की है। घटना के बाद वन विभाग भी पूरी तरह सक्रिय हो गया है। ग्राम प्रधान ने कहा कि तेंदुए के डर से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है।
दिन में लोग घरों से निकलने से डर रहे हैं। लोगों की रातें दहशत में गुजर रही हैं। ग्रामीणों की मांग है कि जल्द से जल्द तेंदुए को पकड़ लिया जाए। लक्ष्मीपुर रेंज के वनकर्मियों की टीम लगातार गांव और आसपास के जंगलों में तेंदुए की तलाश कर रही है। संभावित स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। वन विभाग के कर्मचारी ग्रामीणों को सतर्क रहने और अकेले जंगल की ओर न जाने की सलाह दे रहे हैं।
वनक्षेत्राधिकारी लक्ष्मीपुर वेदप्रकाश शर्मा ने बताया कि तेंदुए के हमले में घायल हुए लोगों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया था और उनकी स्थिति में सुधार हो रहा है। उन्होंने बताया कि वन विभाग की टीम लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर रही है तथा तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि लोग अनावश्यक रूप से जंगल या सुनसान स्थानों की ओर न जाएं। सुबह और शाम के समय विशेष सावधानी बरतें तथा बच्चों को अकेले बाहर न भेजें। यदि कहीं तेंदुआ दिखाई दे तो तत्काल वन विभाग को सूचना दें और खुद उसे पकड़ने या भगाने का प्रयास न करें।
घायलों का हाल जानने वनग्राम अचलगढ़ पहुंचे एसडीओ, सुरक्षा बरतने की अपील
लक्ष्मीपुर रेंज क्षेत्र के वनग्राम अचलगढ़ में बुधवार को तेंदुए के हमले में घायल हुए लोगों का हाल जानने के लिए बृहस्पतिवार को एसडीओ सत्येंद्र सिंह पीड़ित परिवारों के घर पहुंचे। उन्होंने घायलों और उनके परिजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी ली तथा हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया।
बताया जा रहा है कि बुधवार की सुबह तेंदुए ने अचानक हमला कर तीन लोगों को घायल कर दिया था। इस घटना के बाद पूरे गांव और आसपास के क्षेत्र में दहशत का माहौल बना हुआ है। घायलों में युवती ईशा की हालत गंभीर बनी हुई है, जिसका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। वहीं घायल नीरज और मुरलीधर का प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है और वे अपने घर पर स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं।
एसडीओ ने दोनों घायलों के घर पहुंचकर उनका हालचाल जाना और दवा तथा उपचार की समुचित व्यवस्था कराने के निर्देश दिए। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिलाया कि वन विभाग पूरी तरह से उनके साथ खड़ा है और क्षेत्र में तेंदुए की तलाश लगातार जारी है।