सोनौली। नेपाल में दशहरा पर्व की धूम के बीच बुधवार को भारत-नेपाल की सोनौली सीमा पर सड़कें सूनी रहीं। सार्वजनिक अवकाश के चलते भैरहवा भंसार कार्यालय बंद रहने से एक भी मालवाहक ट्रक नेपाल नहीं जा सका। हालांकि, पर्यटक वाहनों को नेपाल में प्रवेश की अनुमति रही।
नेपाल में दशहरा प्रमुख त्योहारों में शामिल है। इस अवसर पर लोग अपने घरों में बड़े-बुजुर्गों से टीका लगवाकर आशीर्वाद लेते हैं। पर्व को लेकर बुधवार को नेपाल के सीमावर्ती बेलहिया और भैरहवा में भी सामान्य दिनों की अपेक्षा चहल-पहल कम रही। इसका असर सोनौली सीमा पर भी दिखाई दिया। यात्रियों के साथ छोटे वाहनों की आवाजाही सीमित रही।
दूसरी ओर, भैरहवा भंसार कार्यालय में सार्वजनिक अवकाश के कारण आयात-निर्यात संबंधी कामकाज ठप रहा। मालवाहक वाहनों की निकासी बंद होने से ट्रांसपोर्ट कारोबार से जुड़ी गतिविधियां भी प्रभावित रहीं। पर्यटकों के आवागमन पर रोक नहीं रही और पर्यटक वाहनों को नेपाल में प्रवेश दिया गया।
आमतौर पर सोनौली सीमा पर सुबह से ही नेपाल जाने वाले मालवाहक वाहनों की कतार और यात्रियों की भीड़ दिखाई देती है। ट्रकों की आवाजाही के कारण दिनभर व्यस्त रहने वाली सड़क पर बुधवार को अलग ही नजारा रहा। सीमा क्षेत्र में वाहनों का शोर और माल ढुलाई की हलचल नदारद रही। सीमा पर पसरे सन्नाटे का असर स्थानीय व्यापारिक गतिविधियों पर भी दिखाई दिया। पर्व के चलते सीमा के दोनों ओर कारोबार की रफ्तार धीमी पड़ गई।
इस संबंध में भैरहवा भंसार कार्यालय के सूचना अधिकारी उद्धव ढुंगाना ने बताया कि पर्यटक वाहनों को प्रवेश दिया गया है। बुधवार को अच्छी संख्या में पर्यटक नेपाल पहुंचे हैं। बृहस्पतिवार से मालवाहक ट्रकों की पासिंग शुरू हो जाएगी।