जलभराव दूर करने में छूट रहा पसीना
महराजगंज। बीते दिनों से हो रही बारिश बृहस्पतिवार को रुक गई, लेकिन दुश्वारियां बढ़ गई हैं। शहर में जलभराव दूर करने में नगर पालिका प्रशासन को पसीना छूट रहा है। दो दिन से ऑफिसर्स कॉलोनी में पंपिंग सेट लगाकर बारिश का पानी निकाला जा रहा है। मौसम विशेषज्ञ के अनुसार शुक्रवार एवं शनिवार को भी मौसम खराब रहने की उम्मीद है।
शहर में आबकारी कार्यालय, सदर ब्लॉक परिसर, सिंचाई कॉलोनी समेत अन्य स्थानों पर जलभराव बृहस्पतिवार को भी रहा। लोगों को आने-जाने में परेशानी हुई। नगर पालिका के अध्यक्ष कृष्णगोपाल जायसवाल ने कहा कि शहर में जलनिकासी की समस्या दूर करने में कर्मियों की टीम लगी है। जल्द समस्या दूर हो जाएगी।
उधर, सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष राजेश यादव एवं पूर्व जिला सचिव दिलीप शुक्ला ने जलनिकासी की समस्या को लेकर डीएम को ज्ञापन सौंपा है। बांसपार बैजौली गांव में ज निकासी की समस्या दूर करने की मांग की। पूर्व जिलाध्यक्ष ने बताया कि ग्राम बांसपार बैजौली के बाजार टोला एवं छावनी टोला में सड़क पर जलभराव है।
नौतनवां प्रतिनिधि के अनुसार बारिश के पानी से क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति हो गई है। जलभराव से धान की नर्सरी डूब गई है। किसान चिंतित हैं। चकदह के मुख्य मार्ग पर तीन पुलिया क्षतिग्रस्त हो गई है। भारी वाहनों व चार पहिया वाहनों के आने-जाने में समस्या आ रही है। अड्डा बाजार से रामनगर, शाहपुर होते हुए चकदह से जमुहानी चौराहा होते हुए डगर पुरवा तिराहे पर नौतनवां-ठूठीबारी मार्ग को जोड़ता है। तबारक हुसैन, रामकुंडल यादव, मुसीर आलम, महेश, प्रदीप मद्धेशिया, इजहार अहमद, उत्तम, शिवनाथ प्रसाद, दीपचंद आदि ने समस्या पर गुस्से का इजहार किया है।
चंदन नदी का पश्चिमी तटबंध टूटा
ठूठीबारी। दोमुहान गांव के रामआशीष यादव के खेत के सामने चंदन नदी का पश्चिमी तटबंध बृहस्पतिवार को टूट गया, जिससे नदी के पानी का बहाव सीधे दोमुहान गांव के तरफ होने लगा है। गांव का मुख्य संपर्क मार्ग टूटने के कगार पर है। नौतनवां के तहसीलदार अशोक कुमार गुप्ता ने मौके का जायजा लिया। ग्राम प्रधान रामबचन सहानी ने बताया कि दोमुहान गांव का मुख्य संपर्क मार्ग को बचाने के लिए ग्रामीण प्रयास कर रहे हैं। उधर, लक्ष्मीपुर खुर्द गांव व गडौरा जाने वाले मुख्य मार्ग, प्राथमिक विद्यालय व पुलिस चौकी में जलभराव हो गया है। पुलिसकर्मी शिव मंदिर में डेरा डाले हैं। लक्ष्मीपुर खुर्द, चटियां, लालपुर, मोहम्मदपुर आदि गांव तक पहुंचने में पानी होकर जाना पड़ रहा है। अनिल सहानी, देवेंद्र यादव, सोनू जायसवाल, अनिल यादव, भीम, मनौवर, मुन्ना भारती आदि ने बताया कि गडौरा बाजार खाद्य सामग्री लेने के लिए पानी से होकर जाना पड़ रहा है।
महाव का जलस्तर कम, लेकिन दुश्वारियां बढ़ीं
बरगदवां। महाव अपनी भौगौलिक स्थिति के कारण दो दर्जन से अधिक गांवों पर आफत बनकर टूटता है। बारिश से मंगलवार को महाव तटबंध चार स्थानों पर टूट गया था, जिससे कोहरगड्डी, छितवनिया, मल्लाह टोली व दोगहरा, बिशुनपुरा, अमहवा, महरी, लुठहवां गनेशपुर बेलहिया आदि गांव के खेतों में महाव का मटमैला पानी भर गया था। बृहस्पतिवार को महाव का जलस्तर कम हुआ तो ग्रामीणों ने राहत की सांस ली, लेकिन दुश्वारियां कम होने का नाम नहीं ले रही हे। खैरहवां दूबे निवासी नारद यादव, चंद्रशेखर सिंह, दोगहरा निवासी विरई यादव, कोहरगड्डडी निवासी इंद्रकमल, रियासत, अहमद, मुनीब, मोबारक, जोखू, विनोद, नरेश, सुदमा, त्रियोगी आदि का कहना है कि उन लोगों के उपजाऊ खेतों में महाव का मटमैला पानी व नाले का सफेद सिल्ट भर जाने से धान की रोपाई करने में परेशानी होगी। संवाद