औषधि निरीक्षक ने पुलिस बल के साथ की कार्रवाई, लाइसेंस से लेकर बिक्री अभिलेखों तक की जांच की
महराजगंज। जिला अस्पताल के सामने संचालित मेडिकल स्टोरों पर मंगलवार को औषधि विभाग ने पुलिस बल के साथ औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सात थोक एवं खुदरा औषधि प्रतिष्ठानों की जांच की गई। गुणवत्ता एवं मानक को लेकर संदेह होने पर चार संदिग्ध दवाओं के नमूने सील कर जांच के लिए संग्रहित किए गए।
औषधि निरीक्षक नवीन कुमार ने थाना कोतवाली पुलिस बल के साथ जिला अस्पताल के सामने स्थित इंदु मेडिकल स्टोर, विकास फार्मा, दिव्या फार्मास्यूटिकल, ओम प्रगति मेडिकल स्टोर, प्रगति फार्मा, गीतांजलि मेडिकल स्टोर और अनुष्का मेडिकल स्टोर का निरीक्षण किया।
इस दौरान मेडिकल स्टोरों के औषधि विक्रय लाइसेंस की वैधता और निर्धारित शर्तों का सत्यापन किया गया। साथ ही दवाओं के भंडारण की व्यवस्था, तापमान नियंत्रण और रेफ्रिजरेटेड दवाओं के लिए कोल्ड चेन की स्थिति भी देखी गई। बिक्री के समय पंजीकृत फार्मासिस्ट की मौजूदगी और उनकी भूमिका की भी जांच की गई।
अधिकारियों ने मेडिकल स्टोरों के खरीद-बिक्री संबंधी बिल, इनवॉयस और शेड्यूल एच व एच-1 से संबंधित अभिलेखों की भी पड़ताल की। निरीक्षण के दौरान गुणवत्ता को लेकर संदेह पैदा होने पर चार दवाओं के नमूने लेकर सील किए गए।
औषधि निरीक्षक ने बताया कि सभी नमूने राजकीय विश्लेषण प्रयोगशाला भेजे जाएंगे। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण के बाद मेडिकल स्टोर संचालकों को दवाओं के रखरखाव और अभिलेखों को नियमानुसार दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए।