सुप्रिया सिंह को मिला पिता की स्वच्छ छवि, संघषों का फायदा
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महराजगंज। इस बार लोकसभा चुनाव में सियासी गणित उलझी नजर आ रही है। भाजपा ने पहले ही पंकज चौधरी को प्रत्याशी घोषित कर दिया है। सपा, बसपा, निषाद पार्टी गठबंधन से प्रत्याशी घोषित नहीं हुआ है। अब जबकि कांग्रेस ने अपने पत्ते खोल दिए तो जिले में सियासत गर्म हो गई।
दो प्रत्याशियों ने अपनी मजबूत दावेदारी पेश की, लेकिन 24 घंटे के अंदर टिकट बंटवारे में उलटफेर से कोई मायूस हुआ तो कोई खुश। टिकट के इस खेल को लेकर तरह-तरह की चर्चा हो रही है। राजनीति के जानकारों की मानें तो पारिवारिक पृष्ठभूमि की वजह से तनुश्री का टिकट कट गया, जबकि पिता हर्षवर्धन के संघर्षों एवं स्वच्छ छवि का फायदा सुप्रिया को मिला।चंद रोज पहले मधुमिता हत्याकांड में सजा काट रहे पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी की बेटी तनुश्री को प्रगतिशील समाजवादी पार्टी ने टिकट देकर चुनाव मैदान में उतारा, लेकिन गुरुवार की रात कांग्रेस पार्टी की ओर से जारी हुई सूची में तनुश्री के नाम से सियासी हलचल तेज हो गई। अभी उनके समर्थक खुश ही हो रहे थे कि शुक्रवार दोपहर बाद खबर आई कि उनका टिकट कट गया।