धान की रोपाई कर रही महिलाओं ने एक दुकान से खाया था लिट्टी चोखा
महराजगंज। निचलौल थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्रामसभा बंदी विशुनपुरा में शुक्रवार को दोपहर धान की रोपाई कर रही पांच महिलाओं और दो बालिकाओं ने शाम को नाश्ता के लिए एक दुकान से लिट्टी चोखा खा लिया। देर रात सातों की हालत बिगड़ गई। उन्हें निजी वाहन से सीएचसी निचलौल पहुंचाया गया। शनिवार को सभी को हालत ठीक होने पर छुट्टी दे दी गई।
जानकारी के अनुसार, ग्राम बंदी विशुनपुरा में धान की रोपाई करने गई सरिता चौहान (18) पुत्री प्रेमसागर, अंशिका (12) पुत्री विजय, आरती (12) पुत्री रामटहल, चंद्रावती (45) पत्नी प्रेम सागर, मीना (18) पुत्री प्रेम सागर, रूपा (18) पुत्री विजय और द्वारिका (22) पुत्री विमल गांव के एक व्यक्ति के खेत में धान की रोपाई करने गए थे। दोपहर के खेत के मालिक ने नाश्ते में एक दुकान से लिट्टी चोखा मंगाया। धान रोपाई के बाद सभी ने नाश्ता कर लिया। हालत में सुधार होने पर सभी को घर भेज दिया गया है।
घर पहुंचने पर अचानक सभी को उल्टी होने लगी। परिजनों ने निजी वाहन से सीएचसी निचलौल पहुंचाया जहां डॉक्टरों की पूछताछ में पता चला कि सभी बासी खाद्य पदार्थ (खाद्य विषाक्तता) के शिकार हुए हैं। सीएचसी में तैनात डॉ. सौरभ साहनी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला फूड पॉइजनिंग का लग रहा है। बासी भोजन के सेवन से संक्रमण या विषाक्तता होने की संभावना रहती है।