महराजगंज। बदलते मौसम में खानपान की लापरवाही सेहत पर भारी पड़ रही है। सर्दी-गर्मी के कारण वायरल, खांसी के साथ-साथ शुगर घटने बढ़ने का दौर शुरू हो गया है। ओपीडी में शुगर के मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है।
बृहस्पतिवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 634 मरीजों का उपचार हुआ, जिसमें 13 शुगर के मरीज शामिल थे। जिला अस्पताल में ब्लड जांच कराने पहुंच रहे लोगों में शुगर के मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। चिकित्सकों का कहना है कि शुगर बढ़ने का कारण अनियमित खान-पान व दिनचर्या है। ओपीडी में तैनात फिजिशियन डाॅ. निरंजन सिंह शुगर रोगियों को परामर्श देते मिले।
उन्होंने बताया कि इस समय शादी विवाह का आयोजन चल रहा है जहां जाने वाले खानपान का परहेज नहीं कर रहे, जिससे शुगर लेवल बढ़ने के मामले अधिक आ रहे हैं। इसलिए ब्लड शुगर को कंट्रोल करना बहुत जरूरी है। शुगर का बढ़ना कई समस्याएं पैदा कर सकता है। शुगर बढ़ने से प्यास लगने, मुंह सूखने, थकान, कमजोरी, धुंधला दिखने, त्वचा में सूखापन व खुजली पाई जा रही है। बढ़ा हुआ ब्लड शुगर किडनी और आंखों पर प्रभाव डालता है।
शुगर पर कंट्रोल रखने के लिए नियमित शुगर लेवल की जांच जरूरी है। सीएमएस डाॅ. एपी भार्गव ने बताया कि जिन्हें शुगर की समस्या पहले से है उन्हें खानपान पर ध्यान रखना चाहिए और जो दवा शुगर की लेते हैं उसका नियमित प्रयोग जरूर करें, जिनमें शुगर के शुरुआती लक्षण पाए जा रहे हैं, वह परहेज से सुधार कर सकते हैं।