नए ब्लॉकों के सृजन के लिए भेजी जाएगी रिपोर्ट
आयुक्त ग्राम्य विकास ने जिला प्रशासन से मांगी रिपोर्ट
दो से तीन ब्लॉकों के गठन की दिशा में हो सकती है पहल
महराजगंज। भारत-नेपाल के सीमावर्ती क्षेत्र महराजगंज जिले में नए ब्लॉकों के सृजन के संबंध में कवायद शुरू की गई है। आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग ने जिला प्रशासन से ब्लॉकों के सृजन के संबंध में रिपोर्ट मांगी है। प्रशासनिक स्तर से भी खंड विकास अधिकारियों से भी सूचना उपलब्ध कराने को कहा गया है। सूचना मिलने के उपरांत उसे शासन को भेजा जाएगा।
कृषि प्रधान जिले के रुप में पहचाने जाने वाले महराजगंज में कुल 12 ब्लॉक हैं। ब्लॉकों की संख्या को बढ़ाने तथा अधिक आबादी के भार को कम करने के उद्देश्य से नए ब्लॉकों के सृजन की दिशा में भी पहल की जा रही है। आयुक्त ग्राम्य विकास की ओर से नए ब्लॉकों के सृजन के संबंध में जिला प्रशासन से प्रस्ताव मांगे गए हैं।
प्रशासनिक स्तर से पूर्व में भेजे गए भिटौली का प्रस्ताव तैयार है। अड्डा बाजार व हेवती में ब्लॉक बनाने के संबंध में आसपास के खंड विकास अधिकारियों से भी रिपोर्ट मांगी गई है। रिपोर्ट के आधार पर ब्लॉकों के सृजन की सूचना भेजे जाने की उम्मीद है।
75 हजार से डेढ़ लाख की आबादी पर ब्लॉक गठित करने की है व्यवस्था
ब्लॉकों के सृजन के लिए न्यूनतम 75 हजार व अधिकतम डेढ़ लाख तक की आबादी को लिया जाना है। वर्ष 2016 में तत्कालीन विधायक सुदामा प्रसाद की पहल पर भिटौली को ब्लॉक बनाने का प्रस्ताव भेजा गया था, मगर वह गति नहीं पकड़ सका था। भिटौली ब्लॉक बना तो डेढ़ लाख की आबादी को लाभ मिलेगा। पनियरा, परतावल, घुघली व सदर क्षेत्र का दायरा कम होगा।
जिले में नए ब्लॉकों के सृजन के संबंध में आयुक्त ग्राम्य विकास की ओर से रिपोर्ट मांगी गई है। ब्लॉकों के स्तर से भी जानकारी ली जा रही है। जानकारी मिलने के बाद नए ब्लॉक के सृजन के संबंध में रिपोर्ट भेजी जाएगी।
- आरके पांडेय, जिला विकास अधिकारी