सदर कोतवाली के पास छठ पूजा को लेकर खरीदारी करती महिलाएं।
महराजगंज। सूर्योपासना व छठ मैया की आराधना शुरू हो चुकी है। छठ माता को चढ़ने वाले फलों का बाजार गर्म है। फलों के बाजार की शोभा पारंपरिक सेब, अनार और केला ही नहीं बल्कि तरह-तरह के फल खरीदारों को आकर्षित कर रहे हैं। इसमें रामफल, लाल अंगूर, बड़े आकार के बेर के साथ ड्रैगन फ्रूट की भरमार है। व्रत में चढ़ाने के लिए इन फलों को गैर राज्यों से महंगे रेट पर मंगाया गया है जिसके कारण इनके रेट जरूर आसमान पर हैं, लेकिन पर्व के उत्साह में महंगे फल भी खूब बिक रहे।
नगर कोतवाली के सामने सर्विस रोड पर मिट्टी के बर्तनों के साथ विभिन्न तरह के फलों की दुकान सजी है। फल विक्रेता शंभू की दुकान ज्ञान फल खरीदने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ दिखी। यहां केला सेब अनार के साथ तरह- तरह के फल बिकते मिले। ऐसे फल भी उपलब्ध मिले जिसकी कल्पना इस समय नहीं की जा सकती। ऐसा ही एक फल रामफल दिखा जिसे लोगों ने पूजा के लिए पहली बार खरीदा।
विक्रेता ने बताया कि इसे असम से मंगाया गया। कुल 20 पेटी लाए थे। 300 रुपये किलो के हिसाब से बिक्री हुई अब बहुत थोड़ा। इसी तरह लाल व साइज में बड़े अंगूर की बिक्री 280 रुपये किलो में हो रही थी जिसे गुजरात की मंडी से मंगाने की जानकारी विक्रेता ने दी। उनकी दुकान का अनानास सामान्य से भिन्न लाल रंग का दिखा। बताया कि उन्होंने इस वेरायटी को मेघालय से मंगाया है। यह सामान्य अनानास से अधिक मीठा और छिलने काटने में आसान है। सभी एक साइज के हैं जिनकी बिक्री 90 रुपये पीस के अनुसार हो रही। सेब की आकार वाला बेर, अलग-अलग साइज की कीवी और ड्रैगन फ्रूट भी दुकान पर अलग-अलग रेट में बिकता मिला। फलों की खरीद कर रही रागिनी ने बताया कि वह बिस्मिल नगर की निवासी हैं। तीन वर्ष से परिवार की खुशहाली सुखशांति के लिए व्रत रख रहीं। छठ माई को अधिक से अधिक प्रकार के फल चढ़ाए जाने की परंपरा है। इसी के मद्देनजर दुकान पर उपलब्ध 13 वेरायटी के फलों की खरीद उन्होंने की। सिर्फ फलों पर ही 1200 रुपये खर्च हो गए।
शकरकंद व मूंगफली का बड़ा आकार तलाशते रहे श्रद्धालु
फलों की दुकान के पास रामकेश मूंगफली व लाल शकरकंद बिक्री करते मिले बताया कि बड़ा साइज शकरकंद अधिक बिक रहा। 70 रुपये किलो लाल व 50 रुपये सफेद रंग वाला शकरकंद बिका। मूंगफली में 150 रुपये किलो है, लेकिन इसमें भी बड़ा आकार छांट रहे जिससे छोटी साइज की मूंगफली बची रह गई इसे लेकर लौटना पड़ेगा।
20 रुपये जोड़ा बिका गन्ना, 10 रुपये में हल्दी
कोतवाली के निकट ही गन्ना व हल्दी का पौधा बिकता मिला। विक्रेता किशुन ने बताया कि खेत से उखाड़कर गन्ना इस त्योहार में लगता है जिसकी बिक्री 20 रुपये जोड़ी की जा रही। 10 रुपये में एक हल्दी पौधे की बिक्री की जा रही है।