मेले में जाने वाली बसों की वर्कशॉप में होगी जांच
चालकों का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया गया अनिवार्य
शुरुआती चरण में चार-चार बसें संचालित की जाएंगी
महराजगंज। अगले माह के तीन तारीख (पौष पूर्णिमा) से 15 फरवरी (शिवरात्रि) तक चलने वाले माघ मेला की तैयारियां तेज कर दी हैं। महाकुंभ की तरह प्रयाग माघ मेला में परिवहन निगम रोडवेज की बसों को सर्वाधिक भेजने की तैयारी में जुट गया है। माघ मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं की आवाजाही को ध्यान में रखते हुए बस संचालन, सुरक्षा प्रबंधन व आपातकालीन व्यवस्था पर विशेष जोर दिया गया है।
एआरएम ने जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआती चरण में चार-चार बसें संचालित की जाएंगी। राज्य कार्यालय से इस बार कड़े निर्देश जारी किए हैं। महाकुंभ 2025 की तर्ज पर सभी चेक पोस्ट पर सुरक्षा टीम तैनात रहेगी। मुख्यालय एवं क्षेत्रीय कंट्रोल रूम से बसों की रीयल-टाइम ट्रैकिंग की जाएगी। बताया कि परिवहन विभाग के आदेश में सभी चालकों का स्वास्थ्य परीक्षण, विशेषकर नाइट विजन टेस्ट कराया जाएगा। बसों के आपातकालीन गेट की जांच अनिवार्य की गई है। बसों के फ्रंट शीशे पर चालक-परिचालक के मोबाइल नंबर दर्ज रहेंगे। इससे मेले में गई बस अगर गलत स्थान पर खड़ी मिलती है तो फोन कर चालक से हटवाया जा सकेगा। डिपो 05–05 चालक रिजर्व में बस स्टेशन पर रखे जाएंगे। बस ट्रैकिंग और सुरक्षा प्रोटोकॉल सख्त किए गए हैं।
वर्जन
राज्य कार्यालय से प्राप्त सावधानियों का अनुपालन कराते हुए यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि माघ मेले में जाने वाली डिपो की बसों से किसी प्रकार की बस दुर्घटना न होने पाए। मेला क्षेत्र में सुरक्षित, समयबद्ध और नियंत्रित परिवहन सेवा उपलब्ध कराना विभागीय प्राथमिकता होगी।
-सर्वजीत वर्मा, एआरएम।