महराजगंज। जनपद के मनरेगा कार्यों में अगर किसी तरह की गड़बड़ी मिलती है तो सचिव के साथ प्रधान भी दोषी होंगे। एपीओ, रोजगार सेवक, कंप्यूटर ऑपरेटर के साथ ही सचिव व प्रधान पर भी कार्रवाई की जाएगी।
उक्त निर्देश सीडीओ अनुराज जैन ने बृहस्पतिवार को विकास भवन सभागार में मनरेगा की समीक्षा बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि जनपद मनरेगा श्रमिकों के ससमय भुगतान के मामले में 98.62 फीसदी उपलब्धता है। श्रमिकों के भुगतान में अगर किसी कर्मी को दोषी पाया जाता है तो विलंब भुगतान के लिए उनपर जुर्माना लगाया जाएगा।
सीडीओ ने मनरेगा के तहत होने वाले कार्यों की निगरानी खंड विकास अधिकारियों को विशेष रूप से करने के निर्देश दिए। कहा कि पंचायतों में मनरेगा के तहत किसी भी तरह की गड़बड़ी मिलने पर ग्राम प्रधान व सचिव की जिम्मेदारी तय की जाएगी। जनपद में एनएमएमएस एप के जरिए दर्ज की जा रही उपस्थिति को लेकर कहा कि इसमें फोटो से फोटो बनाने की शिकायत निचलौल व परतावल में साबित भी हो चुकी है।
इसलिए इससे उपस्थिति अपलोडिंग की सत्यता परखने का इंतजाम बीडीओ करें अन्यथा गड़बड़ी प्रमाणित होने पर बीडीओ पर कार्रवाई होगी। ग्राम पंचायतें जीएसटी, टीडीएस व इनकम टैक्स काट कर ही भुगतान करें। नए वित्तीय वर्ष में ऐसी पंचायतें जिनका जीएसटी में पंजीकरण नहीं है, वह भी अपना पंजीकरण करा लें। पनियरा, सदर, धानी, निचलौल, परतावल विकास खंडों में विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। बैठक में उपायुक्त मनरेगा करुणाकर अदीब, समस्त एपीओ, सचिव मौजूद रहे।