निचलौल। तहसील में लेखपालों की हड़ताल के चलते ठप पड़े ऑनलाइन कार्य अब पटरी पर लौटने लगे हैं। आठ अक्तूबर से ऑनलाइन कामकाज बंद होने के कारण पांच हजार से अधिक महत्वपूर्ण आवेदन लंबित हो गए थे।
लेखपालों की हड़ताल के कारण आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र और छात्रवृत्ति से जुड़े कार्यों के लिए आवेदकों को परेशानी उठानी पड़ रही थी। मंगलवार को लेखपालों के काम पर लौटने के बाद लंबित आवेदनों के निस्तारण में तेजी आई। ऑनलाइन केंद्रों पर भी आवेदनों को पूरा करने के लिए देर शाम तक काम चलता रहा।
सबसे अधिक राहत छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने वाले विद्यार्थियों को मिलने की उम्मीद है, क्योंकि रिपोर्ट लंबित होने से उनके आवेदनों की प्रक्रिया प्रभावित हो रही थी। ऑनलाइन केंद्र संचालक विपिन कुमार कसौधन ने बताया कि लेखपालों की रिपोर्ट नहीं लगने के कारण कई आवेदकों को परेशानी हो रही थी। कुछ आवेदक ऑनलाइन केंद्रों पर पहुंचकर जवाब मांगते थे। उन्हें समझाना पड़ता था कि काम बंद होने के कारण आवेदन आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं।
एक अन्य केंद्र संचालक अवधेश कसौधन ने बताया कि आवेदकों की संख्या लगातार बढ़ रही थी। आवेदन करने के बाद लोग फोन कर बार-बार निस्तारण की जानकारी ले रहे थे। मंगलवार को काम शुरू होने से आवेदकों को राहत मिली है।
तहसीलदार अमित कुमार सिंह ने बताया कि लेखपाल काम पर लौट आए हैं। लंबित शिकायतों और ऑनलाइन आवेदनों का युद्धस्तर पर निस्तारण कराया जा रहा है। एक-दो दिन में व्यवस्था सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है।