उद्योग/व्यापार बंधु की बैठक में सीडीओ ने बैंकों को दी चेतावनी
बिना पुख्ता कारण के आवेदन निरस्त न करने के दिए निर्देश
महराजगंज। मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में सोमवार को उद्योग/व्यापार बन्धु की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। उन्होंने समस्त शाखा प्रबंधकों को निर्देशित किया कि सभी शाखाएं सीएम युवा सहित स्वरोजगारपरक ऋण योजनाओं में लंबित प्रकरणों में प्राथमिकता के आधार पर ऋण वितरण कराएं और सुनिश्चित करें कि बिना पुख्ता कारण के आवेदन निरस्त न करें। साथ ही उन्होंने बैंकों को स्वरोजगार संबंधी ऋण योजनाओं में हीलाहवाली नहीं करने की हिदायत दी।
सीडीओ ने कहा कि स्वरोजगार संबंधी ऋण योजनाओं में हीलाहवाली कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सहायक आयुक्त को बैंकवार लंबित आवेदनों की सूची प्रस्तुत करने और संबंधित बैंक शाखा के साथ समन्वय करते हुए लंबित आवेदनों के निस्तारण का निर्देश दिया। साथ ही मुख्य विकास अधिकारी ने उद्यमियों से जीएसटी पंजीयन बढ़ाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इससे उन्हें दुर्घटना की स्थिति में मुख्यमंत्री व्यापारी दुर्घटना योजना के अंतर्गत 10 लाख रुपए का बीमा कवर भी प्राप्त होगा। योजना के तहत 10 लाख रुपये का बीमा कवर पंजीयन प्राप्त करते ही मिल जाता है।
बैठक में सीडीओ ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना, ओडीओपी सहित विभिन्न रोजगारपरक योजनाओं की समीक्षा की। साथ ही विभिन्न बैंक शाखाओं में सीएम युवा स्वरोजगार योजना के लंबित आवेदनों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण का निर्देश दिया।
सहायक आयुक्त उद्योग ने बताया कि सीएम युवा उद्यमी विकास अभियान में वित्तीय वर्ष 2025–26 के लिए लक्ष्य 1700 है, जिसके सापेक्ष विभिन्न बैंकों ने कुल 1550 आवेदन स्वीकृत करते हुए 1446 मामलों में ऋण वितरित किया है। जबकि 549 आवेदन स्वीकृति के लिए लंबित हैं और 155 आवेदन वितरण के लिए लंबित हैं।
बताया गया कि मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में वित्तीय वर्ष 2025–26 में भौतिक लक्ष्य 160 के सापेक्ष 212 आवेदन विभिन्न बैंकों को प्रेषित किए जा चुके हैं। इनमें अलग–अलग बैंकों ने 110 आवेदनों को स्वीकृत करके ऋण वितरित कर दिया है। सहायक आयुक्त उद्योग ने बताया कि ओडीओपी योजना के तहत 26 लक्ष्य के सापेक्ष 66 आवेदन बैंकों को भेजे गए हैं। 32 आवेदनों को स्वीकृत करते हुए बैंकों ने 29 लोेगों को ऋण वितरित कर दिया है। इस अवसर पर जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने कहा कि ओडीओपी जनपद की पहचान से जुड़ी योजना है। बैंक इसमें रुचि दिखाएं और काष्ठ उत्पाद व्यवसाय को आगे बढ़ने में सहयोग दें।
इसके अलावा उद्यमियों/व्यापारियों की समस्याओं के निस्तारण के लिए मुख्य विकास अधिकारी ने सहायक आयुक्त उद्योग और उपायुक्त राज्यकर को संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया। बैठक में सहायक आयुक्त राकेश जयसवाल, एलडीएम बीएन. मिश्रा, जिला सूचना अधिकारी प्रभाकर मणि त्रिपाठी सहित व्यापारी फूल चन्द अग्रवाल, प्रमोद जायसवाल, सुरेश रूगंटा, पशुपतिनाथ गुप्ता सहित अन्य व्यापारी उपस्थित रहे।