240 रुपये किलो सेब और 200 रुपये किलो बिक रहा अमरूद
70 रुपये दर्जन केला तो 75 रुपये किलो पपीता
महराजगंज। चैत्र नवरात्रि में व्रत धारियों पर महंगाई की मार बढ़ी है। फलाहार में प्रयुक्त फलों के दाम बढ़ोतरी देखी जा रही है। उम्मीद थी कि रमजान के बाद फलों की डिमांड घटने से रेट में कमी आएगी।
नवरात्र शुरू होने के समय 200 रुपये किलो बिक रहे सेब का दाम 240 रुपये तक पहुंच गया है। वहीं अनार लोगों की पहुंच से दूर जा चुका है। इसके भाव 240 रुपये किलो से बढ़कर 300 रुपये किलो जा पहुंचे हैं। फलों की महंगाई का क्रम जनवरी में सहालग से ही बना हुआ है। 18 फरवरी से शुरू हुए रमजान में फल और महंगे हुए क्योंकि इफ्तार के लिए फलों की बिक्री तेज हो गई। माना जा रहा था कि मूल्य वृद्धि डिमांड घटने पर घटेगी, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हो सका।
नगर कोतवाली के सामने फलों की दुकान संचालित करने वाले शंभु ने बताया कि रमजान बीतने के बाद भी फलों की बिक्री में विशेष परिवर्तन नहीं आया है। डिमांड बढ़ने के चलते फलों के रेट एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार बढ़े हैं। 70 रुपये किलो बिकने वाला पपीता 75 रुपये किलो बिक रहा है। केला 65 रुपये से बढ़कर 75 रुपये दर्जन हो गया है। पानी वाला नारियल 60 रुपये से बढ़कर 75 रुपये रुपये पीस बिक रहा है।
हिमाचल से आने वाला सेब 180 रुपये किलो से बढ़कर 220 रुपये किलो तो कश्मीरी सेब 200 से 240 रुपये किलो तक जा पहुंचा है। 70 रुपये किलो से बढ़कर नागपुर का संतरा जहां 75 रुपये किलो है वही इलाहाबादी अमरूद 150 रुपये से बढ़कर 200 रुपये किलो हुआ है। फल बाजार में सर्वाधिक महंगे फल की पदवी अनार को मिली है जिसकी बिक्री 300 रुपये किलो की दर से हो रही है।