महा आरती में भाग लेते श्रद्धालु ।
ठूठीबारी। भारत-नेपाल सीमा पर अवस्थित बेलवा घाट परिसर में मार्गशीर्ष पूर्णिमा के अवसर पर 124 वीं नारायणी गंडकी महा आरती कार्यक्रम का आयोजन हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि समाजसेवी होमलाल प्रसाद, संगीत आनंद, अंजू देवी, संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।
आचार्य पंडित अनिरुद्ध द्विवेदी एवं पंडित रामेश्वर तिवारी ने समवेत स्वर में विभिन्न वैदिक मंत्रों का पाठ कर कोरोना के नए वेरिएंट जे एन वन के खात्मे की कामना की गई। संगीत आनंद ने कहा कि ताम्रभद्र, सोनभद्र और नारायणी नदी यहां तीन नदियों का संगम है। पूर्णिमा के दिन इस महा आरती में भाग लेना परम सौभाग्य की बात है। अंजू देवी ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण संवर्धन के प्रति जन जागरूकता के निमित्त यह महाआरती की जाती है। मंच संचालन संगीत आनंद ने किया शांति मंत्र के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। इस दौरान अभिनेता डी आनंद, धर्मजीत सिंह, शिवचंद्र शर्मा, लक्ष्मी थारू, संगीता, नंदकुमार महतो, सत्येंद्र सिंह, सुमन देवी मौजूद रहे। संवाद