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Maharajganj News: आभा से लिंक नहीं आधार कार्ड, ऑनलाइन रिपोर्ट मिलने में परेशानी

Tue, 05 Aug 2025 01:25 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
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महराजगंज। आभा आईडी (आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता) से आधार कार्ड लिंक न होने की वजह से मरीजों की जांच रिपोर्ट उनके मोबाइल पर नहीं पहुंच पा रही है। पीड़ित मरीजों को रिपोर्ट के लिए लंबी दूरी तय कर जिला अस्पताल जाना पड़ रहा है।
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जिला अस्पताल में पैथोलॉजी में रोजाना वायरल बुखार, शुगर और अन्य बीमारी संबंधी जांचें कराई जाती हैं। रिपोर्ट के लिए मोबाइल पर मैसेज आता है। मरीजों की शिकायत है कि जांच रिपोर्ट का मैसेज नहीं आ रहा है। जिला अस्पताल की पैथोलॉजी में हर दिन 100 मरीज वायरल बुखार, मधुमेह (शुगर), डेंगू और अन्य बीमारियों की जांच कराने पहुंचते हैं।
जांच के बाद रिपोर्ट मरीजों के मोबाइल नंबर पर एसएमएस या लिंक के माध्यम से भेजी जाती है, लेकिन इन दिनों बड़ी संख्या में मरीजों की शिकायत है कि उन्हें रिपोर्ट मोबाइल पर नहीं मिल रही है।
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मिठौरा, सिंदुरिया, शिकारपुर, वरवा विद्यापति, गौनरिया बाबू, रामपुर बल्डिहा, मटकोपा, भिटौली, पनियरा, परतावल, गोबिंदपुर, गोपालापुर, कम्हरिया बुजुर्ग, सेमराडाड़ी और मथुरा नगर सहित कई गांवों के लोग लंबा सफर तय कर जिला अस्पताल आते हैं। जांच के बाद घर लौट जाते हैं, लेकिन जब रिपोर्ट नहीं मिलती तो दोबारा अस्पताल आना पड़ रहा है।
गायत्री ने बताया कि एक सप्ताह पहले खून की जांच कराई थी, लेकिन रिपोर्ट मोबाइल पर नहीं आई। कई दिन इंतजार के बाद जब वह अस्पताल पहुंची तो पता चला कि उनकी आभा आईडी आधार से लिंक नहीं थी, इसलिए सॉफ्टवेयर ने उनका नाम नहीं पहचाना और रिपोर्ट नहीं भेजी गई।
इसी तरह की परेशानी मरीज सावित्री को भी हुई। उन्होंने चार दिन पहले खून की जांच कराई थी। उस समय मौजूद अस्पताल कर्मियों ने बताया था कि रिपोर्ट मोबाइल पर मिल जाएगी। जब कुछ दिन तक रिपोर्ट नहीं आई तो वे खुद अस्पताल पहुंचीं। यहां उन्हें जानकारी दी गई कि उनका मोबाइल नंबर आधार से लिंक नहीं है, इसलिए रिपोर्ट सिस्टम में अपडेट नहीं हो सका।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों कहना है कि नई जांच प्रक्रिया में आधार कार्ड से आभा आईडी लिंक होना जरूरी है। यदि मरीजों की आईडी लिंक नहीं होगी, तो मोबाइल पर रिपोर्ट भेजना संभव नहीं होगा।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके द्विवेदी ने बताया कि आभा आईडी 14 अंकों की विशिष्ट स्वास्थ्य पहचान संख्या होती है।
यह मरीजों के डिजिटल स्वास्थ्य रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने और भारत में कहीं भी इलाज के लिए सुविधा जनक बनाने के लिए बनाई गई है। लेकिन जिन मरीजों की आभा आईडी आधार कार्ड से लिंक नहीं है, उनकी जानकारी स्वास्थ्य सॉफ्टवेयर में अपलोड नहीं हो पा रही है, जिससे रिपोर्ट भेजने में परेशानी हो रही है।
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