महराजगंज। मंगलवार को बूंदाबांदी बाद बुधवार को भी मौसम नहीं सुधरा। दिनभर
बादल छाए रहे। वहीं जिले के अधिकतम तापमान में दो डिग्री सेल्सियस की कमी
देखी गई।
इससे ठिठुरन और बढ़ गई। डीएम के आदेश के बाद भी कुछ स्कूल खुले।
बच्चे स्कूल जाते देखे गए। यही नहीं कहीं भी अलाव जलता नहीं दिखा। गरीबों
से प्रशासन की यह बेरुखी समझ से परे है।
हालांकि लोगों ने ठंड से बचाव के
लिए लड़की, पुआल और टायरों को जलाकर ठंडा से बचाव की कोशिश की।
ठंड
बढ़ने से नगर की सड़कें सुनी रहीं। चौराहों, बाजारों, दुकानों पर भीड़ कम
रही।
ठंड बढ़ने से ठेले व खोमचे वालों के व्यवसाय पर भी असर पड़ा है। वहीं
रिक्शा चलों के लिए सबसे अधिक परेशानी रही। शाम चार बजे के आसपास सूरज ने
झलक दिखलाई। इससे लोगों को उम्मीद जगी कि बृहस्पतिवार को धूप जरूर निकलेगी।
लेकिन कुछ देर बाद सूर्य को बादलों ने घेर लिया।
बस स्टेशन परिसर में बस
का इंतजार कर रहे यात्रियों को ठंड से काफी परेशान होना पड़ा। वहीं
नगरपालिका प्रशासन द्वारा सार्वजनिक जगहों पर अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की
गयी।
जिससे दूर-दराज से आने वालों को काफी परेशान होना पड़ा। नगरपालिका ईओ
ने बताया कि ठंड को देखते हुए अलावा की व्यवस्था की जा रही है। शीघ्र
अलावा जलाए जाएंगे।
वहीं अड्डा बाजार प्रतिनिधि के अनुसार निर्माण कार्य
और ट्रकों की कतारों के नाते सकरे हुए गोरखपुर- सोनौली मार्ग पर बरसात से
कच्ची पटरी कीचड़ में तब्दील हो गई।वाहन कीचड़ में फंसने के नाते एकसड़वां
और सम्पतिहा के बीच बुधवार को करीब घंटा भर वाहनों के पहिए थम गए।